नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि देशभर में घरेलू LPG सिलेंडरों की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य बनी हुई है। Ministry of Petroleum and Natural Gas के अनुसार, बीते दिन 51.5 लाख से अधिक सिलेंडरों की डिलीवरी की गई।
सरकार ने बताया कि LPG की जमाखोरी और काला बाजारी रोकने के लिए देशभर में सख्त कार्रवाई जारी है। इसी क्रम में एक ही दिन में 3400 से अधिक छापेमारी की गई। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने भी निगरानी बढ़ाते हुए 214 LPG डिस्ट्रीब्यूटरशिप पर जुर्माना लगाया है और 55 को निलंबित किया गया है।
LPG सिलेंडरों की मांग में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई
5 किलो वाले फ्री ट्रेड LPG सिलेंडरों की मांग में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। जहां फरवरी में इनकी औसत दैनिक बिक्री 77 हजार थी, वहीं अब यह बढ़कर करीब 1 लाख तक पहुंच गई है। 23 मार्च से अब तक 12 लाख से अधिक 5 किलो सिलेंडर छात्रों, प्रवासी मजदूरों और कमजोर वर्गों को उपलब्ध कराए गए हैं।
उर्वरक संयंत्रों के लिए गैस आपूर्ति भी बढ़ाई जा रही है। उपलब्ध स्टॉक और LNG कार्गो के आधार पर गैस आवंटन में 5% की वृद्धि कर इसे पिछले छह महीने के औसत उपभोग के लगभग 95% तक पहुंचाया जा रहा है।
PNG कनेक्शन के मोर्चे पर भी प्रगति जारी है। मार्च से अब तक करीब 4.15 लाख नए PNG कनेक्शन सक्रिय किए गए हैं, जबकि 4.55 लाख नए उपभोक्ताओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है। वहीं, 26 हजार से अधिक उपभोक्ताओं ने MYPNGD.in के जरिए LPG कनेक्शन सरेंडर कर PNG अपनाया है।
24 घंटों में किसी भी भारतीय जहाज से जुड़ी कोई घटना सामने नहीं आई
इस बीच, Ministry of Ports, Shipping and Waterways ने पश्चिम एशिया क्षेत्र में भारतीय जहाजों और नाविकों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाए हैं। सरकार के अनुसार, सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं और पिछले 24 घंटों में किसी भी भारतीय जहाज से जुड़ी कोई घटना सामने नहीं आई है।
भारत का LPG जहाज Jag Vikram सुरक्षित रूप से Strait of Hormuz पार कर चुका है। इस जहाज में करीब 20,400 मीट्रिक टन LPG कार्गो और 24 नाविक सवार हैं। इसके 15 अप्रैल तक मुंबई पहुंचने की संभावना है।
सरकार ने यह भी बताया कि क्षेत्र में भारतीय दूतावास लगातार भारतीय समुदाय के संपर्क में हैं और उनकी सुरक्षा के लिए आवश्यक सलाह व सहायता प्रदान कर रहे हैं। 28 फरवरी से अब तक करीब 8.71 लाख यात्री पश्चिम एशिया से भारत लौट चुके हैं।
ईरान में स्थित Embassy of India in Tehran ने अब तक 2,225 भारतीयों को आर्मेनिया और अजरबैजान के रास्ते भारत भेजने में मदद की है, जिनमें 981 छात्र और 662 मछुआरे शामिल हैं।
