हिमाचल में एम्बुलेंस सेवाएं ठप, मरीज हो रहे परेशान

शिमला. हिमाचल प्रदेश में आज से 108 और 102 एम्बुलेंस की सेवाएं पूरी तरह से ठप हैं. ऐसे में राज्य में स्वास्थ्य सुविधाएं प्रभावित भी हैं. 108 और 102 कर्मचारी कॉन्ट्रेक्ट वर्क्स यूनियन ने मांगों को लेकर अपना आंदोलन छेड़ दिया है. कर्मचारियों ने सरकार व कंपनी को दो टूक कह दिया है कि मांगें पूरी न होने तक यह आंदोलन जारी रहेगा.

सोमवार को 108 ओर 102 कॉन्ट्रेक्ट कर्मचारी यूनियन ने प्रदेश सचिवालय के बाहर हल्ला बोला. यूनियन के अध्यक्ष पूर्ण चंद का आरोप है कि चार-पांच सालों से कर्मचारियों को केवल जुमला ही दिया जा रहा है. उनका आरोप है कि 108 व 102 एंबुलेंस चलाने वाली कंपनी कर्मचारियों की मांगें तो दूर बल्कि गाडि़यों की मरम्मत तक नहीं करवा रही. उनका आरोप है कि ज्यादातर एम्बुलेंस खटारा हो गई हैं. इसी वजह से बार-बार एम्बुलेंस में बड़ी घटनाएं सामने आ रही हैं.

उन्होंने जीवीके और ईएमआरआई कंपनी और सरकार से मांग की है कि कई सालों से सेवाएं दे रहे एम्बुलेंस चालकों की ड्यूटी 12 घंटे की बजाय 8 घंटे की जाए. इंक्रीमेंट भी एरियर के साथ दिया जाए. इसके साथ एक ही कर्मचारी की बार-बार ड्यूटी न लगाई जाए. यूनियन ने अपनी इन मांगों को लेकर एनएचएम के एमडी और स्वास्थ्य सचिव को भी ज्ञापन सौंपा है.

यूनियन के अध्यक्ष ने साफ किया है कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया, वे इस आंदोलन को जारी रखेंगे. उल्लेखनीय है कि हिमाचल में वर्तमान में में 108 एंबुलेंस में 192 और 102 एंबुलेंस में 125 कर्मचारी मरीजों को अस्पताल तक पंहुचाने का कार्य करते हैं. ऐसे में मंगलवार को इन सभी सेवाओं के ठप होने से आम लोगों की दिक्कतें बढ़ गई हैं.