झारखंड: पूर्व मुख्य न्यायाधीश को राज्यसभा सदस्य मनोनीत करने और राहुल गांधी के खिलाफ टिप्पणी पर पक्ष और विपक्ष के सदस्य उलझे

झारखंड विधानसभा में कोविड-19 कंट्रोल कक्ष का गठन- Panchayat Times

रांची. झारखंड विधानसभा में शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश को राज्यसभा के मनोनीत सदस्य के रूप में शपथ दिलाने और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी के खिलाफ की गई टिप्पणी को लेकर पक्ष और विपक्ष के सदस्य आपस में उलझ गए.

विधानसभा अध्यक्ष ने कार्यवाही को स्थगित

कांग्रेस और भाजपा सदस्यों के बीच बकझक से शुरू हुई बात हाथापाई की नौबत तक जा पहुंची. इस बीच विधानसभा अध्यक्ष ने सभा की कार्यवाही को अपराहन 12:00 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया. इसके बावजूद भाजपा और कांग्रेस के सदस्य बाहें चढ़ाते हुए एक दूसरे को देख लेने के अंदाज में आमने-सामने आ गए परंतु दोनों ही दलों के वरिष्ठ नेताओं के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ.

क्या रहा मामला

झारखंड विधानसभा में प्रश्नोत्तर काल शुरू होने के पहले कांग्रेस विधायक इरफान अंसारी ने उच्चतम न्यायालय के पूर्व मुख्य न्यायाधीश के कल राज्यसभा में मनोनीत सदस्य के रूप में शपथ लेने को लेकर सवाल उठाए गए. इसके विरोध में भाजपा के कई सदस्य वेल में आ गए. बाद में भाजपा के ही सीपी सिंह द्वारा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी को लेकर की गई टिप्पणी से कांग्रेस के सदस्य उत्तेजित हो गए और आसन के निकट आकर शोर-शराबा करने लगे.

इस दौरान संसदीय कार्य मंत्री ने आलमगीर आलम ने राहुल गांधी के विरुद्ध की गई टिप्पणी को सदन की कार्रवाई से स्पंज करने का सुझाव दिया. लेकिन पक्ष और विपक्ष के सदस्यों के हंगामे को देखते हुए विधानसभा अध्यक्ष ने सभा की कार्यवाही को अपराहन 12:00 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया.


सदन की कार्यवाही जैसे ही दिन के 11 बजकर सात मिनट में शुरू हुई वैसे ही बीजेपी विधायक भानू प्रताप शाही ने भूखल घासी की मौत का मामला सदन में रखा. कहा कि छोटी-छोटी जांच के लिए कमेटी बनती है लेकिन दलित परिवार को न्याय नहीं मिल रहा है. कभी सीएम की अध्यक्षता में तो कभी आयुक्त की अध्यक्षता में कमेटी बन रही है ये हो क्या रहा है.

इस बीच जेएमएम विधायक सुदिव्य कुमार ने कहा कि पूर्व की सरकार में भी भूख से मौत हुई, लेकिन कमेटी नहीं बनी. इस बीच स्पीकर ने टोका और कहा कि सरकार की बातों को सुनें. भानू ने कहा कि यह झारखंड में सबसे बड़ा दाग है. अफसर की लापरवाही के कारण भूखल घासी की मौत हुई है. स्पीकर ने कहा कि सरकार इसकी जांच कराएगी.