संसद में बोले राजनाथ सिंह एलएसी पर मौजूदा स्थिति का बातचीत के जरिए चाहते हैं समाधान चीन ने सीमा पर इकट्ठा किया गोला-बारूद, हमारी सेना भी तैयार

संसद में बोले राजनाथ सिंह एलएसी पर मौजूदा स्थिति का बातचीत के जरिए चाहते हैं समाधान चीन ने सीमा पर इकट्ठा किया गोला-बारूद, हमारी सेना भी तैयार - Panchayat Times
Union Defence Minister Rajnath Singh in the Lok Sabha during the ongoing Monsoon Session of Parliament

नई दिल्ली. वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर अप्रैल महीने से जारी भारत-चीन के बीच तनाव पर केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को लोकसभा में जवाब दिया. राजनाथ सिंह ने कहा कि हमारे जवानों के हौसले पूरी तरह से बुलंद हैं और हम किसी भी हालात से निपटने के लिए तैयार हैं..

चीन ने बड़ी संख्या में सैनिक टुकड़ियां और गोला बारूद को इकट्ठा किया है

एलएसी के हालात के बारे में बताते हुए रक्षामंत्री ने लोकसभा में कहा कि अभी की स्थिति के अनुसार, चीन ने एलएसी और अंदरूनी क्षेत्रों में बड़ी संख्या में सैनिक टुकड़ियां और गोला बारूद को इकट्ठा किया है. भारतीय सेना ने भी पूरी तैयारी कर ली है.

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि एलएसी का सम्मान करना और उसका कड़ाई से पालन किया जाना, सीमा क्षेत्रों में शांति और सद्भाव का आधार है, और इसे 1993 एवं 1996 के समझौतों में स्पष्ट रूप से स्वीकार किया गया है,  जबकि हमारी सेना इसका पूरी तरह पालन करती हैं, लेकिन चीन की ओर से ऐसा नहीं हुआ है.

हम मौजूदा स्थिति का बातचीत के जरिए समाधान चाहते हैं

राजनाथ सिंह ने कहा कि चूंकि हम मौजूदा स्थिति का बातचीत के जरिए समाधान चाहते हैं, हमने चीनी पक्ष के साथ राजनयिक और सैन्य व्यस्तता बनाए रखी है. इन बातचीत के तीन प्रमुख सिद्धांत हैं.

1) दोनों पक्षों को LAC का सम्मान और कड़ाई से पालन करना चाहिए (2) किसी भी पक्ष को अपनी तरफ से यथास्थिति का उल्लंघन करने का प्रयास नहीं करना चाहिए और (3)दोनों पक्षों के बीच सभी समझौतों का पूर्णतया पालन होना चाहिए.

चीनी सेना के जवानों को भी काफी क्षति पहुंचाई

राजनाथ सिहं ने सदन को बताया कि एलएसी पर गतिरोध बढ़ता हुआ देखकर दोनों तरफ के सैन्य कमांडरों ने 6 जून 2020 को मीटिंग की. इस बात पर सहमति बनी कि डिस-एंगेजमेंट किया जाए. दोनो पक्ष इस बात पर भी सहमत हुए कि एलएसी को माना जाएगा तथा कोई ऐसी कार्रवाई नहीं की जाएगी, जिससे यथास्थिति में कोई बदलाव हो.

सिंह ने कहा कि 15 जून को चीनी सेना ने गलवान घाटी में हिंसक झड़प की. हमारे बहादुर सेना के जवानों ने अपनी जान का बलिदान किया और चीनी सेना के जवानों को भी काफी क्षति पहुंचाई है.

हमारी सेना इस चुनौती का सफलता से सामना करेगी, और इसके लिए हमें उनपर गर्व

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि सदन को आश्वस्त रहना चाहिए कि हमारी सेना इस चुनौती का सफलता से सामना करेगी, और इसके लिए हमें उनपर गर्व है. अभी जो स्थिति बनी हुई है उसमें संवेदनशील परिचालन मुद्दे शामिल है, इसलिए मैं इस बारे में ज्यादा खुलासा नहीं करना चाहूंगा.

सदन की एक गौरवशाली परम्परा रही है

राजनाथ सिंह ने कहा कि इस सदन की एक गौरवशाली परम्परा रही है कि जब भी देश के समक्ष कोई बड़ी चुनौती आयी है तो इस सदन ने भारतीय सेनाओं की दृढ़ता और संकल्प के प्रति अपनी पूरी एकता और भरोसा दिखाया है. मैं आपको यह विश्वास दिलाना चाहता हूं कि हमारे जवानों का जोश और हौसला बुलंद है.

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि इस वर्ष की स्थिति, वह पहले से बहुत अलग है, फिर भी हम मौजूदा स्थिति के शांतिपूर्ण समाधान के प्रति प्रतिबद्ध हैं. इसके साथ-साथ मैं सदन को आश्वस्त करना चाहता हूं कि हम सभी परिस्थितियों से निपटने के लिए तैयार हैं.