निलंबित आईपीएस अफसर के खिलाफ विभागीय जांच हुई शुरू

शिमला. हिमाचल सरकार के तीन महकमों के आलाधिकारियों की देखरेख में निलंबित आईपीएस अफसर जहूर एच जैदी के खिलाफ विभागीय जांच शुरू हो गई है. सरकार ने गृह, विधि और पुलिस विभाग के आलाधिकारियों को जांच पूरी करने के बाद रिपोर्ट सौंपने के आदेश दिए हैं.

सरकार ने आईपीएस अफसर को कोटखाई गुडिया प्रकरण में शिमला की पूर्व एसपी सौम्या सांबशिवन पर बयान बदलने के लिए दबाव बनाने के आरोप में कोर्ट के आदेश पर निलंबित किया है.हालांकि जैदी का हेडक्वार्टर अब एडीजी होमगार्ड है. गृह विभाग के मुताबिक जैदी 17 मार्च तक निलंबित हैं. प्रदेश सरकार जैदी को चार्जशीट भी दे सकती है लेकिन विभागीय जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह प्रक्रिया हो सकती है.


उल्लेखनीय है कि कोटखाई प्रकरण से जुड़े पुलिस लॉकअप हत्याकांड मामले में बीते दिनों अदालत में सुनवाई हुई थी. इस दौरान कमांडेंट थर्ड आईआरबी एवं शिमला की पूर्व एसपी सौम्या सांबशिवन की भी गवाही हुई. उन्होंने आईजी जैदी के खिलाफ एक आवेदन भी अदालत में दिया था, जिसमें कहा गया था कि जैदी ने उन पर बयान बदलने का दबाव डाला था. इस पर सीबीआई की विशेष अदालत ने प्रदेश पुलिस महानिदेशक को एक नोटिस जारी कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे.

इसके बाद प्रदेश सरकार ने पिछले महीने 16 जनवरी को जैदी का निलंबन आदेश जारी कर दिया. आईजी जहूर जैदी पिछले दो वर्ष के अंतराल में दो बार सस्पेंड हो चुके हैं. पहली बार 2017 में कोटखाई प्रकरण में पुलिस लॉकअप में सूरज हत्या मामले में सीबीआई की गिरफ्तारी के साथ सस्पेंड भी हुए.