कुल्लू. पंडित जवाहर लाल नेहरू के जमाने से कांग्रेस पारिवारिक पृष्ठभूमि वाली रेणुका डोगरा ने कांग्रेस छोड़कर राष्ट्रीय आजाद मंच का साथ पकड़ लिया है और कुल्लू विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने का ऐलान किया है. रेणुका डोगरा ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए इसकी विधिवत घोषणा की है.
लंबा रहा कांग्रेस का साथ
डोगरा ने कहा कि उनके परिवार का कांग्रेस के लिए काफी ज्यादा योगदान रहा है और उनके पिता चरण दास डोगरा और माता रमा डोगरा ने तत्कालीन पंजाब सूबे के मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरो और उसके बाद हिमाचल प्रदेश के अलग होने पर डॉ. वाई एस परमार के साथ मिलकर कांग्रेस को मजबूत किया है. लेकिन आज हम पार्टी में घुटन महसूस कर रहे हैं. कांग्रेस पार्टी उन्हें न तो बैठकों में बुलाती है और न ही किसी तरह के कार्यक्रमों के शरीक होने का बुलावा देती है. जिस कारण वे कांग्रेस के भीतर घुटन महसूस कर रही थी.
कुल्लू से लड़ेंगी चुनाव
रेणुका डोगरा के इस ऐलान से कांग्रेस के भीतर खलबली मच गई है. उन्होंने कहा कि अब मैं राष्ट्रीय आजाद मंच में शामिल हो गई हूं और कुल्लू विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडूंगी. क्योंकि रेणुका डोगरा कुल्लू के नेउली वार्ड से पंचायत समिति सदस्य हैं और रेणुका की इस वार्ड में महिलाओं और युवाओं में अच्छी खासी पकड़ है. इसके अलावा उनका कुल्लू विधानसभा के अन्य क्षेत्रों में भी का अच्छा खासा प्रभाव माना जाता रहा है. ऐसे में रेणुका डोगरा कुल्लू में आने वाले चुनावों में कांग्रेस का खेल बिगाड़ सकती है.