क्या आप पीएम किसान योजना के नए अपडेट के बारे में जानते हैं?

क्या आप पीएम किसान योजना के नए अपडेट के बारे में जानते हैं?-Panchayat Times
साभार इंटरनेट

शिमला/रांची. प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना भारत सरकार की एक पहल है. जिसमें 12 करोड़ छोटे और सीमान्त किसान जिनके पास 2 हेक्टेयर (4.9 एकड़) से कम भूमि है, उन्हें न्यूनतम आय सहायता के रूप में हर 6 हजार रुपए तक मिलेगा. इस योजना की लागत प्रति वर्ष 75,000 करोड़ रुपए होगी और यह दिसम्बर 2018 से लागू हुई. 6,000 रुपए हर साल पात्र किसानों को तीन किश्तों में भुगतान किया जाएगा और यह राशि सीधे उनके बैंक खातों में जमा किया जाएगा. इस बार के बजट में  2020-21 वित्त वर्ष के लिए अधिकतम 75,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है.

सरकार ने निकाला एक नया अपडेट

पीएम किसान योजना के लिए आवेदन किया है उन सभी के लिए सरकार ने एक नया अपडेट निकाला है. सभी किसानों को अपने बैंक में जाकर एक किसान क्रेडिट कार्ड का फॉर्म भरना होगा. किसानों से पूर्ण आवेदन प्राप्त होने के 14 दिनों के भीतर बैंकों को केसीसी जारी करने का निर्देश दिया गया है. सभी किसान जी पीएम किसान योजना का लाभ ले रहे है ,उनको अब किसान क्रेडिट कार्ड का फॉर्म भरना है. इसके लिए आपको अपने बैंक में जाना होगा जहां आपका किसान निधि वाला खाता है.

रबी सीजन में हुई प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत

योजना की शुरुआत वर्ष 2018 के रबी सीजन से की गई थी, सरकार ने इसके लिए 20 हजार करोड़ रुपए अग्रिम बजटीय प्रावधान करा लिया है जबकि योजना पर सालाना खर्च 75 हजार करोड़ रुपये आने का अनुमान है. छोटे किसानों के लिए योजना अत्यन्त उपयोगी सिद्ध होने वाली है. बुवाई से ठीक पहले नगदी संकट से जूझने वाले किसानों को इस नगदी से बीज, खाद और अन्य इनपुट की उपलब्धता में सहूलियत मिल जाएगी. इन छोटे किसानों में ज्यादातर सीमान्त हैं, जिनका खेती से पेट भरना मुश्किल है. हिमाचल प्रदेश में प्रधानमंत्री याजना के तहत 842604 किसान हैं

इस योजना का लाभ दो हेक्टेयर खेती वाली जमीन से कम रकबा वाले किसानों को दिए जाने का प्रावधान है. राज्य सरकारें ऐसे किसानों की जोत के साथ उनके बैंक खाते और अन्य ब्यौरा केंद्र सरकार को मुहैया कराएंगी. उसकी पुष्टि के बाद केन्द्र सरकार ऐसे किसानों के बैंक खातों में सीधे धन जमा कराएगी. योजना की सफलता में डिजिटल प्रणाली की भूमिका अहम साबित हो रही है.