हरियाणा की गायों को मिलेगा जेलों में आशियाना

हरियाणा सरकार और गौ सेवा आयोग हरियाणा के छह जिलों की जेलों
प्रतीक चित्र

गुरुग्राम. हरियाणा सरकार और गौ सेवा आयोग हरियाणा के छह जिलों की जेलों में गायों के लिए आशियाना तैयार करने जा रहा है. अब जेलों में कैदियों के साथ गायों को भी रखा जाएगा. दरअसल गुरुग्राम सहित छह जिलों की जेल में गौशाला बनाने की तैयारियां शुरू कर दी गई है. इन गौ शाला में 200 दूध देने वाली जबकि 400 अन्य गायों को रखने की योजना है. यह जानकारी मंगलवार को गौ सेवा आयोग के चेयरमैन भानीराम मंगला ने प्रेसवार्ता के दौरान दी.

गौ सेवा आयोग चेयरमैन भानीराम मंगला के मुताबिक जेल में गौशाला बनाने से गायों का पालन पोषण तो बेहतर होगा ही साथ ही साथ जेल के लिए गाय के दूध के अलावा गोबर से तैयार बायो गैस और जैविक खाद का भी बेहतर उपयोग हो सकेगा. जेल में गौशाला बनाने की शुरूआत करनाल जेल से की जा चुकी है. बाकि पांच जेलों में भी जल्द गौशाला बनाने का काम शुरू कर दिया जाएगा.

बताते चलें कि प्रदेश में 520 गौशालाएं है जिनमें तीन लाख 85 हजार गाएं मौजूद हैं. इन गायों पर आयोग के द्वारा चारे के अवाला दूसरी व्यस्थाओं के लिए सालाना 23 करोड़ से ज्यादा राशि खर्च की जाती है. लेकिन चारे के लिए जितनी राशि आयोग के द्वारा गौशालाओं को दी जाती है उसे लेकर एक सवाल जरुर खड़ा होता है की सालाना एक गाए पर 150 रुपए खर्च कर कैसे और किस तरह से गाय का बेहतर पालन पोषण किया जा सकता है.

हरियाणा सरकार और गौ सेवा आयोग हरियाणा के छह जिलों की जेलों

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हरियाणा गौ सेवा आयोग के चेयरमैन भानी राम मंगला ने कहा कि मुख्यमंत्री गौशाला जगमग योजना के अंतर्गत गौशालाओं में सौर ऊर्जा प्लांट स्थापित किए जाएंगे. इस योजना के अंतर्गत गौ सेवा आयोग द्वारा 90 प्रतिशत सहायता राशि गौशाला को दी जाएगी. हरियाणा देश का पहला ऐसा राज्य होगा जहां प्रत्येक गौशाला में बिजली सोलर प्लांट द्वारा आएगी. इसके अतिरिक्त गौशलाओं में 1000 यूनिट तक दो रुपए प्रति यूनिट की दर से तथा इससे ज्यादा यूनिट पर कामर्शियल की बजाय डोमेस्टिक दर से बिजली का शुल्क लिया जाएगा.

उन्होंने बताया कि इस समय गुरुग्राम में नौ पंजीकृत गऊशाला है. वर्ष 2018-19 के दौरान चारा खरीदने, शैड निर्माण आदि के लिए प्रोत्साहन अनुदान के रूप में लगभग 44 लाख रूपए की रशि के डिमांड ड्राफट वितरित किए गए हैं. एक सवाल के जवाब में मंगला ने बताया कि हरियाणा सरकार के विधेयक गौवंश संवर्धन एवं गौवंश संरक्षण अधिनियम- 2015 के अंतर्गत हरियाणा में गौवध तथा गौ तरस्करी पर 10 साल की सजा व एक लाख रूपए के जुर्माने का प्रावधान किया गया जोकि पूरे देश में सबसे सख्त कानून है.

गौसेवा आयोग के चेयरमैन भानीराम मंगला ने जानकारी देते हुए बताया प्रदेश में 50-50 एकड़ में दो गौ-अभ्यारण जिला पानीपत के गावं नैन तथा हिसार के गावं ढंढूर में बनाए जा रहे हैं जिसमें पांच-पांच हजार गौवंश का पालन पोषण किया जाएगा. उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार की जेल में गौशालाएं खोलने की भी योजना है जिसमें 600 गाय रखी जाएगी जिसमें 200 दुधारू तथा 400 दूध ना देने वाली गाय होगी. इस योजना का शिलान्यास हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल द्वारा करनाल जिला की जेल से गत माह किया जा चुका है. इस अवसर पर गौसेवा आयोग के अध्यक्ष भानी राम मंगला के अलावा ब्रिगेडियर समंद्र सिंह चैहान, हरियाणा पशु कल्याण बोर्ड के सदस्य पूरण लोहचब, पशुपालन विभाग की उपनिदेशक डॉ. पुनीता गहलावत आदि उपस्थित थे.