कोरोना काल में झारखंड जैसे पिछड़े राज्य में सोशल मीडिया का बेहतर इस्तेमाल कर रही है हेमंत सरकार

कोरोना काल में झारखंड जैसे पिछड़े राज्य में सोशल मीडिया का बेहतर इस्तेमाल कर रही है हेमंत सरकार - Panchayat Times

रांची. कोरोना महामारी से देश से लेकर विदेश तक पिछले चार महीने से इससे लड़ने का हर संभव कोशिश कर रहा है, अपने- अपने स्तर पर लेकिन इस महामारी से लड़ने के लिए सोशल मीडिया भी बड़ी भूमिका निभा रहा है. इस कोरोना काल में अगर जो राज्य सबसे ज्यादा सोशल मीडिया उपयोग में ला रही है वो है झारखंड. प्रदेश सरकार इनदिनों सोशल मीडिया पर बहुत एक्टिव रहती है.

झारखंड़ में सीएम, राज्या मंत्री, विधायक और डीसी तक सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव रहते हैं. राज्य के सीएम हेंमत सोरेन अपने ट्विटर के जरिए आम जनता की मदद के लिए हमेशा तैयार रहती है. कुछ दिन पहले डॅा. मीनाक्षी मुंडा ने अपने ट्विटर हैंडल से सीएम हेमंत सोरने को टैंग करते हुए एक वीडियो पोस्ट किया था. इस वीडियो में कुछ मजदूर नजर आ रहे थे और वह लोग अपने घर जाने के लिए सरकार से मदद मांगते हुए नजर आ रहे थे.

इस वीडियो के साथ कैप्शन में लिखा था कि झारखंड, नामकुम में मुशिर्दाबाद (प.बंगाल) के 43 मजदूर है जो वापस अपने घर जाना चाहतें हैं. एक गर्भवती महिला भी है कभी भी डिलिवरी की आवश्यकता हो सकती है. खाना कम्युनिटी किचन से खाते है पर राशन और पैसे की जरूरत है. मदद कीजिए. इस ट्वीट को सीएम हेमंत सोरेन रिट्वीट करते हुए रांची के डीसी को टैंग करते हुए उनकी मदद करने को कहते हैं. इसी के साथ वह लिखते हैं कृपया संज्ञान लेते हुए बंगाल के इन श्रमिक बंधुओं को सुरक्षित इनके घर भेजने की व्यवस्था करते हुए सूचित करें. ऐसे बहुत से उदाहरण है जब ट्विटर के जरिए सीएम आमजन की मदद करती.

प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता भी इनदिनों ट्विटर पर बहुत एक्टिव रहते हैं. कोरोना से संबिधत अगर जनता उनसे टि्टर के जरिए मदद की गुहार लगाता है तो वह तुरंत ही जनता की मदद के लिए आगे आते हैं.

जिले के उपायुक्त भी सोशल मीडिया पर हैं काफी एक्टिव

कोरोना के समय में जिलें के उपायुक्त भी सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव रहते हैं. देवघर की उपायुक्त नैंसी सहाय की बात करें तो वह हर पल अपने जिले की जानकारी ट्विटर के जरिए देती रहती हैं. वह बाहरी राज्यों से ट्रेंन से कितने मजदूर आए हैं. उनके बारे में भी वह जानकारी साझा करती रहती हैं. इसके आलावा रांची, बोकारो, गिरडीह, कोडरमा और दुमका के भी उपायुक्त काफी एक्टिव दिखते हैं.

विपक्ष भी है सोशल मीडिया पर सक्रिय

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकश भी आए दिन टि्टर के जरिए प्रदेश सरकार को मजदूरों की मदद के लिए टि्वट करती रहती है. उदाहरण के तौर पर बुधवार को प्रदेश अध्यक्ष ने झारखंड सीएमो के टैंग करते हुए लिखा कि आज #CycloneAmphan से प्रभावित होने वाले प्रदेश के जिले जमशेदपुर महानगर, ग्रामीण,चाईबासा आदि के जिलाध्यक्षों से बात कर आवश्यक सहायता के लिये कार्यकर्ताओं को तैयार रहने के लिए दिशानिर्देश दिया. राज्य सरकार प्रदेश में स्थापित क्वारंटाइन सेंटरों में समुचित आवश्यक सुविधा भी उपलब्ध नहीं नहीं करा पा रही है.

लंबे समय तक कष्ट झेलकर लौटे प्रवासी क्वारंटाइन सेंटर में भी कष्ट झेलने को मजबूर हैं,इसमें तुरंत सुधार हो. साथ ही रेलवे स्टेशन से या राज्य की सीमा में पहुंचने वाले मजदूरों को उनके घर पहुंचाने के लिये पर्याप्त वाहन की व्यवस्था भी सुनिश्चित करें.