सुशासन में नंबर वन बना हिमाचल प्रदेश

सुशासन में नंबर वन बना हिमाचल प्रदेश

नई दिल्ली. देश के छोटे राज्यों में बेहतर शासन के मामले में हिमाचल प्रदेश ने बाजी मारते हुए नंबर वन बनने का गौरव हासिल किया है. थिंक टैंक्स पब्लिक अफेयर्स सेंटर (पीएसी) की राज्यों के इंफ्रास्ट्रक्चर, मानव विकास, सामाजिक सुरक्षा, महिलाओं-बच्चों की स्थिति और कानून-व्यवस्था के मानक पर तैयार की गई रिपोर्ट के आधार यह रैंकिंग दी गई है.

पीएसी के रिपोर्ट के अनुसार छोटे राज्यों में सुशासन के मामले में हिमाचल प्रदेश के बाद दूसरे स्थान पर गोवा, तीसरे पर मिजोरम, चौथे पर सिक्किम और पांचवें पर त्रिपुरा है, वहीं इस मामले में नागालैंड, मिजोरम और मेघालय निचले पायदान पर हैं. शनिवार को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन ( इसरो ) के पूर्व प्रमुख और पब्लिक अफेयर्स सेंटर के अध्यक्ष डॉ. कृष्णास्वामी कस्तूरीरंगन ने पीएसी की पब्लिक अफेयर्स इंडेक्स रिपोर्ट पीएआई-2018 को जारी किया.

केरल फिर टॉप पर तो यूपी-बिहार फिसड्डी:

पब्लिक अफेयर्स सेंटरकी रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि देश में सबसे बेहतर शासन के मामले में केरल लगातार तीसरी बार प्रथम स्थान पर रहा है. वहीं दूसरे स्थान पर तमिलनाडु, तीसरे पर तेलंगाना, चौथे पर कर्नाटर और पांचवें स्थान पर गुजरात है. इंडेक्स में जिन राज्यों के नाम सबसे निचले स्तर पर हैं उनमें मध्यप्रदेश का स्थान सबसे नीचे है. रिपोर्ट के मुताबिक अगर बच्चों के लिए बेहतर जीवनयापन परिस्थितियों की बात की जाए तो इसमें भी केरल का स्थान पहला है. वहीं दूसरे और तीसरे स्थान पर हिमाचल प्रदेश और मिजोरम हैं.

बता दें कि इस इंडेक्स में भारत के राज्य कैसा प्रदर्शन कर रहे हैं इस बात का आकलन किया जाता है. पीएसी के अनुसार सुशासन के मामले में सबसे निचले पायदान बिहार, झारखंड, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश हैं. रिपोर्ट के मुताबिक इन राज्यों की सामाजिक और आर्थिक असमानता बेहद दी दयनीय स्थिति में है. अगर छोटे राज्यों की शासन व्यवस्था की बात करें तो पीएसी की लिस्ट में पहाड़ी प्रदेश हिमाचल पहले स्थान पर है. उसके बाद गोवा, मिजोरम, सिक्किम और त्रिपुरा का नंबर गुड गवर्नेंस के मामले में आता है. पीएसी के चेयरमैन के. कस्तूरीरंगन का कहना है कि देश में जनसंख्या लगातार बढ़ती जा रही है. इसकी चुनौतियों का समाधान जल्द किया जाना जरूरी है.

लॉ एंड ऑर्डर के मामले में हरियाणा सबसे पिछड़ा:

पब्लिक अफेयर्स इंडेक्स में राज्यों के सामाजिक और आर्थिक विकास के आंकड़ों के आधार पर शासन-व्यवस्था के प्रदर्शन की रैंकिंग की जाती है. इस सूची के अनुसार आर्थिक आजादी के मामले में गुजरात पहले स्थान है. कर्नाटक ‘पारदर्शिता और जवाबदेही’ की श्रेणी में सर्वश्रेष्ठ राज्य है. कानून व्यवस्था के मामले में हरियाण देश का सबसे खराब राज्य चुना गया है. लॉ एंड ऑर्डर के मामले में हरियाणा सबसे निचले पायदान पर है.

इन फैक्टर्स के आधार पर दी गई रैंकिंग:

पीएसी इंडेक्स को तैयार करने के लिए कुछ मानक होते हैं. जैसे- राज्यों के इंफ्रास्ट्रक्चर, मानव विकास को समर्थन, सामाजिक सुरक्षा, महिलाओं और बच्चों की स्थिति और कानून-व्यवस्था. इन सभी का आकलन किया जाता है. इंडेक्स में सरकारी डाटा को कुल 30 फोकस विषय और 100 इंडीकेटर के आधार पर मापा जाता है. पीएसी साल 2016 से हर साल राज्यों की शासन व्यवस्था को लेकर एक सूची जारी करती है.

 

सुशासन को लेकर यह है देश के राज्यों की रैंकिंग:
1-केरल
2-तमिलनाडु
3-तेलंगाना
4-हिमाचल प्रदेश
5-कर्नाटक
6-गुजरात
7-महाराष्ट्र
8-पंजाब
9-आंध्र प्रदेश
10-गोवा
11- हरियाणा
12-मिजोरम
13-सिक्किम
14-त्रिपुरा
15-छत्तीसगढ़
16-उत्तराखंड
17-राजस्थान
18-असम
19-पश्चिम बंगाल
20-अरुणाचल प्रदेश
21-जम्मू-कश्मीर
22-दिल्ली
23-नगालैंड
24-ओडिशा
25-उत्तर प्रदेश
26- मध्य प्रदेश
27-मणिपुर
28-झारखंड
29-मेघालय
30-बिहार