जानिए क्या है किसान कृषि रेल योजना, बजट के बाद जिसकी सबसे ज्यादा हो रही है चर्चा

जानिए क्या है किसान कृषि रेल योजना, बजट के बाद जिसकी सबसे ज्यादा हो रही है चर्चा - Panchayat Times

नई दिल्ली/रांची. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी को मोदी सरकार 2.0 का पहला बजट पेश किया. जिसमें उन्होनें किसानों के लिए 16 एक्शन प्लान रखे और साथ ही किसानों की आय बढ़ाने के लिए कृषि रेल और किसान उड़ान योजना का ऐलान किया. इस योजना के जरिए कृषि उत्पादक को आसानी और समय से बाजार तक पहुंचाया जा सकेगा.

बजट में क्या हुई थी घोषणा

वित्त मंत्री ने वित्त वर्ष 2020-21 के बजट में रेलवे के लिए एक ब्लूप्रिंट पेश किया था. अपने बजट भाषण में उन्होंने कहा दूध, मांस और मछली समेत शीघ्र खराब होने वाले उत्पादों की निर्बाध आपूर्ति के लिए भारतीय रेलवे पीपीपी के माध्यम से किसान रेल चलाएगी. एक्सप्रेस और ढुलाई ट्रेनों में भी रेफ्रिजेरेटेड डिब्बे होंगे.

किसानों की आय बढ़ाने में बढ़ेगी रेलवे की भूमिका

उन्होनें कहा कि किसानों की आय बढ़ाने में रेलवे की भूमिका काफी बढ़ने वाली है. वित्त मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करेगी. बजट में वित्त मंत्री ने कृषि रेल का ऐलान के साथ ही किसानों की आमदनी बढ़ाने और फल-सब्जियों के ट्रांसपोर्टेशन के लिए रेल मंत्रालय ने किसान रेल योजना तैयार कर ली है.

बजट में रेल कृषि योजना की घोषणा होने के तुरंत बाद रेल मंत्रालय ने इस पर काम करना भी शुरू कर दिया है. विभिन्न अखबारो में छपी रपटों के मुताबिक इसके लिए रेल मंत्रालय ने 9 रेफ्रिजरेटर बोगियों की फ्लीट कपूरथला रेल कोच फैक्ट्री से खरीदी है. एक रेफ्रिजरेटर पार्सल वैन की क्षमता 17 टन है. रपटों के मुताबिक, राउंड ट्रिप के आधार पर इन कंटेनर्स की बुकिंग की जाएगी. मालभाड़ा, सामान्य मालभाड़े से डेढ़ गुना तक ज्यादा होगा.

बनेंगे 4 कार्गो सेंटर

फल-सब्जियों की लोडिंग-अनलोडिंग के लिए भी प्रोजेक्ट तैयार कर लिया गया है. सरकार पायलट प्रोजेक्ट के तहत 4 कार्गो सेंटर बनाएगी. ये कार्गों सेंटर गाजीपुर, न्यू आजादपुर, लासलगांव और राजा का तालाब में बनाए जाएंगे.

यहां बनेगा रेलवे लाजिस्टिक सेंटर

रेलवे की योजना एक एग्रीकल्चर लॉजिस्टिक सेंटर बनाने की भी है. रेलवे की पीएसयू कॉनकॉर इसे पूरी तरह से बनाएगी और एग्रीकल्चर लॉजिस्टिक सेंटर सोनीपत में बनाया जाएगा. यह लॉजिस्टिक सेंटर 16.40 एकड़ में बनेगा.

रेफ्रिजरेटर रेल कंटेनर खरीदने की योजना

रेलवे की योजना भविष्य में 98 रेफ्रिजरेटर रेल कंटेनर खरीदने की है. पूरी तरह से इस मॉडल के पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) के आधार पर ही रखा जाए. एक रेक में 12 टन/कंटेनर कैपेसिटी वाले 80 कंटेनर होंगे.