कुल्लू में इस खूबसूरत झरने पर लगता ग्रहण

कुल्लू. हिमाचल के कुल्लू जिला में यूं तो प्रकृति की खूबसूरती हर ओर है वहीं, यहां उझी घाटी में रायसन के सामने जो पानी का झरना है उसकी बात ही निराली है. इसकी खूबसूरती को निहारने लोग दूर-दूर से आते हैं. लेकिन इन दिनों राउजी नाले के पानी से बने वाटरफॉल की हालत बिगड़ती जा रही है. इसका प्रमुख कारण है वाम तट सड़क मार्ग पर वॉटरफॉल के साथ बनाया जाने वाला पुल.

पुल बनाने के लिए इन दिनों नींव की खुदाई का काम चला रहा है. खुदाई के दौरान निकलने वाली बड़ी-बड़ी है चट्टानों को यहां सीधे वाटरफॉल में डाला जा रहा है इसके आरोप लगाए जा रहे हैं. जिससे वाटरफॉल की खूबसूरती पर ग्रहण लग गया है. वहीं अब स्थानीय लोगों ने भी इसका विरोध करना शुरू कर दिया है. स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इस वाटरफॉल की खूबसूरती को देखने के लिए हर साल हजारों सैलानी यहां आते हैं लेकिन खुदाई के लिए लगाई गई मशीन द्वारा सारी चट्टानों और मलवे को वाटरफॉल के पानी में फेंक दिया गया है. जिससे इसकी सारी खूबसूरती बिगड़ गई है.

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ग्रामीणों का कहना है कि इससे पहले भी इस काम के कारण लोगों की पेयजल की लाइनें क्षतिग्रस्त हो गई थी. जिसे ग्रामीणों द्वारा खुद ठीक किया गया था, लेकिन अब बड़ी-बड़ी चट्टानों के जाने से वाटरफॉल की खूबसूरती प्रभावित हो गई है. ऐसे में आने वाले पर्यटन सीजन में पर्यटकों के यहां आने में कमी आ सकती है. उन्होंने जिला प्रशासन से आग्रह किया कि जल्द से जल्द नाले में मलबा चट्टानों को हटाया जाए ताकि इस वाटरफॉल की खूबसूरती को बरकरार रखा जा सके. और यहां की खूबसूरती हमेशा निखरती रहे.