संत फोटो स्वामी ने कैमरे में कैद की प्राकृतिक सुंदरता

राजीव सहजल ने शुक्रवार को स्वामी परमाहंस योगानन्द के अनुयायी फोटो स्वामी

शिमला. व्यक्ति द्वारा प्रकृति से प्राप्त आंतरिक सुंदरता की बाह्य अभिव्यक्ति का बोध फोटो स्वामी की छायाचित्र प्रदर्शनी में देखने को मिलता है. सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री राजीव राजीव सैजल ने शुक्रवार को स्वामी परमाहंस योगानन्द के अनुयायी एवं वरिष्ठ संत फोटो स्वामी के नाम से प्रख्यात के छायाचित्रों की प्रदर्शनी के उद्घाटन अवसर पर टैवरन हॉल गेयटी थियेटर में यह विचार व्यक्त किये.

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मंत्री ने कहा कि स्वामी जी की प्रदर्शनी में प्रकृति को भगवान स्वरूप मानते हुए अत्यंत दार्शनिक रूप से चित्रों को संयोजित किया गया है, जो अत्यंत सराहनीय है. उन्होंने कहा कि इस प्रदर्शनी में दर्शाये गए छायाचित्रों से जहां प्रकृति के प्रति श्रद्धाभाव उत्पन्न होता है, वहीं प्रकृति के संरक्षण व संवर्द्धन के लिए मन में चेतना भी विकसित होती है.

उन्होंने कहा कि ‘स्पिीरिट एंड नेचर डांसिंग टूगैदर’ के विषय पर आधारित यह प्रदर्शनी न केवल लोगों को प्रकृति और उसके जीव जन्तुओं के दर्शन करवाती है, बल्कि लोगों को प्रकृति द्वारा प्रदान किये गये वातावरण को सहेजने के प्रति भी जागृत करती है. इस अवसर पर परमाहंस योगानन्द सोसायटी के अन्य सदस्य तथा भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य सुनील ठाकुर भी उपस्थित थे.