अब मंडी की नदियों के मुहाने होंगे प्लास्टिक कचरा मुक्त

मंडी. मंडी जिला की नदियों के मुहाने अब प्लास्टिक कचरे से मुक्त होंगे. नदी मुहानों को प्लास्टिक कचरा मुक्त बनाने का अभियान मंडी से आरंभ हो गया है. जिसका विधिवत शुभारंभ मंडी के सासंद रामस्वरूप शर्मा ने किया.
यह अभियान पूरे प्रदेश में 17  मई से आगामी 5 जून तक चलाया जाएगा. इसका शुभारंभ गुरुवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (छात्र) मंडी के परिसर में मंडी लोकसभा क्षेत्र के सांसद रामस्वरूप शर्मा ने द्रंग से विधायक जवाहर ठाकुर की उपस्थिति में किया.
उन्होंने हिमाचल प्रदेश राज्य विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण परिषद के सौजन्यऔर जिला प्रशासन, वन तथा शिक्षा विभाग के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता की और स्कूलों में गठित इको क्लब के छात्रों की रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया.
प्रकृति पूजा भारतीय जीवन पद्यति
इस अवसर पर रामस्वरूप शर्मा ने कहा कि भारतीय जीवन पद्धति में प्रकृति पूजा का उल्लेख सदियों से होता आया है. प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संदेश हमारे सभी पुरातन ग्रंथों में वर्णित है. पर्यावरण को स्वच्छ बनाए रखना हम सभी का कर्तव्य है. आज के दौर में प्लास्टिक कचरे से फैलने वाला प्रदूषण एक विकट समस्या बन चुका है. इसका निस्तारण उचित माध्यम से करना समय की जरूरत है. नदी-नालों के किनारे फैंका गया प्लास्टिक कचरा बहकर उनके मुहानों तक पहुंच जाता है. इससे शहरों और  बस्तियों के किनारे भी भारी प्रदूषण फैलता है. इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में मूल वाक्य प्लास्टिक प्रदूषण को हराना है रखा गया है. पूरे देश की तर्ज पर प्रदेश में भी यह अभियान इसी उद्देश्य से आरंभ किया गया है. जिसका समापन 5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर किया जाएगा.
उन्होंने उपस्थित छात्रों का आह्वान किया कि वे इस अभियान की सफलता में अपनी सक्रिय सहभागिता जताएं. उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी ने बीती सदी में हमें व्यक्तिगत और अपने आस-पास स्वच्छता के प्रति जागरूक किया. वर्तमान में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में स्वच्छता अभियान को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया है. इस अभियान को राष्ट्रव्यापी स्वरूप प्राप्त हुआ है और खेल, फिल्म जगत सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली हस्तियां भी इससे जुड़ी हैं.
इधर, द्रंग से विधायक जवाहर ठाकुर ने कहा कि आज के दौर में जैव संपदा का संरक्षण अनिवार्य है और इसके लिए हमें सामूहिक प्रयास करने होंगे. उन्होंने कहा कि प्लास्टिक कचरे के निस्तारण में आने वाली कठिनाईयों पर हमें पार पाना ही है, ऐेसा संकल्प लेकर सभी यहां से जाएं. उन्होंने वन संपदा की रक्षा और प्राकृतिक संसाधनों का सोच-समझ कर उपयेग करने की आवश्यकता पर भी बल दिया.
बंगलादेश  में प्लास्टिक कचरे पर  प्रतिबंध
हिमाचल प्रदेश राज्य विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण परिषद के सदस्य सचिव कुनाल सत्यार्थी ने अभियान की रूप रेखा प्रस्तुत की. विश्व में प्लास्टिक के उपयोग पर प्रतिबंध लगाने वाला बांग्ला देश प्रथम राष्ट्र है. देश में हिमाचल प्रदेश को इस विषय में पहला राज्य होने का गौरव प्राप्त है. जहां पर वर्ष 2003 से प्लास्टिक के विभिन्न प्रारूपों के उपयोग पर प्रतिबंध के लिए नियम बनाए गए.
उपायुक्त ऋग्वेद ठाकुर ने सभी विभागों, इको क्लब और अन्य वर्गों का आह्वान किया कि इस अभियान में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें. वन अरण्यपाल उपासना पटयाल, जिला विज्ञान पर्यवेक्षक संजीव ठाकुर ने भी अपने विचार रखे. वन मंडलाधिकारी एस.एस. कश्यप ने आभार जताया. इससे पूर्व स्थानीय पाठशाला के प्रधानाचार्य परस राम सैणी ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया.
इन पाठशालाओं ने लिया भाग
इस अवसर पर सासंद ने छात्र और कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मंडी, डीएवी, सरस्वती विद्या मंदिर, गुरू गोविंद सिंह पब्लिक स्कूल, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला घ्राण, बड़ोग, बगला, कैहनवाल, तल्याहड़, बाड़ी गुमानू तथा राजकीय माध्यमिक पाठशाला पुरानी मंडी के इको क्लब की रैली को हरी झंडी दिखाई. उन्होंने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले राजकीय छात्र वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मंडी और सरस्वती विद्या मंदिर के छात्रों को तीन-तीन हजार रुपए की नकद प्रोत्साहन राशि भी प्रदान की.
इस अवसर पर नगर परिषद मंडी की अध्यक्ष सुमन ठाकुर, पार्षदगण, उपमंडलाधिकारी (ना.) सदर मदन कुमार, उपनिदेशक उच्च शिक्षा अशोक ठाकुर, प्रारंभिक शिक्षा के.डी. शर्मा, परिषद के वैज्ञानिक रवि शर्मा सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे.