नई दिल्ली. केंद्र सरकार ने बताया है कि इस महीने की 21 तारीख तक देशभर में रबी फसलों की बुवाई 306 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में पूरी की जा चुकी है। कृषि मंत्रालय द्वारा जारी ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, इस साल कई प्रमुख फसलों की क्षेत्र कवरेज पिछले वर्ष के मुकाबले तेज़ी से बढ़ी है।
दालों की बुवाई में उल्लेखनीय वृद्धि
कृषि मंत्रालय के अनुसार:73.36 लाख हेक्टेयर में दालों (Pulses) की बुवाई हुई है। पिछले वर्ष इसी अवधि में यह आंकड़ा 68.15 लाख हेक्टेयर था। यानी दालों की खेती में इस बार 5 लाख हेक्टेयर से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
श्री अन्ना और मोटे अनाज (Coarse Cereals)
श्री अन्ना और मोटे अनाज की बुवाई 19.69 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में की गई है। इसमें बाजरा, ज्वार, रागी जैसे पोषक-अनाज शामिल हैं, जिनकी मांग देश में लगातार बढ़ रही है। तिलहन फसलों में भी बढ़त , तिलहन फसलों (Oilseeds) की बुवाई 76.64 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में की गई है। सरसों, सूरजमुखी और मूंगफली जैसी फसलों की बढ़ती मांग को देखते हुए किसानों का रुझान तिलहनों की ओर बढ़ा है।
रबी सीजन में क्या-क्या आता है?
रबी सीजन के प्रमुख फसल समूह गेहूं, जौ,चना, मसूर सरसों, सूरजमुखी,ज्वार, बाजरा, रागी किसान इन फसलों की बुवाई आमतौर पर अक्टूबर से दिसंबर के बीच करते हैं और फसल मार्च–अप्रैल में पककर तैयार होती है।
कृषि मंत्रालय की प्रगति रिपोर्ट जारी
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा आज जारी रिपोर्ट में बताया गया कि रबी फसलों की कुल बुवाई का रफ्तार सामान्य से बेहतर है और मौसम की अनुकूलता के चलते इस सीजन में उपज बढ़ने की उम्मीद है।
