हिमाचल | लगातार हो रही तेज बारिश के चलते गांवों से लेकर शहरों तक मे जनजीवन अस्त-व्यस्त, कुल्लू, किन्नौर, शिमला समेत अन्य जिलों में लैंडस्लाइड, कई प्रमुख सड़कें बंद

हिमाचल | लगातार हो रही तेज बारिश के चलते गांवों से लेकर शहरों तक मे जनजीवन अस्त-व्यस्त, कुल्लू, किन्नौर, शिमला समेत अन्य जिलों में लैंडस्लाइड, कई प्रमुख सड़कें बंद - Panchayat Times
Landslide in Shimla

शिमला. हिमाचल में लगातार हो रही तेज बारिश के चलते गांवों से लेकर शहरों तक मे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. सोमवार सुबह लैंडस्लाइड होने से एक नेपाली मजदूर की मौत हो गई, जबकि दो घायल हुए हैं. पुलिस के मुताबिक, ग्राम पंचायत असरंग के तोकतो नामक स्थान पर लैंडस्लाइड हुआ. रविवार को भी कई जगहों पर लैंडस्लाइड होने से नेशनल हाईवे बाधित हो गए.

कुल्लू, किन्नौर, शिमला समेत अन्य जिलों में लैंडस्लाइड

सोमवार को भी कुल्लू, किन्नौर, शिमला समेत अन्य जिलों में लैंडस्लाइड हुआ है. जनजीवन प्रभावित हुआ है. मौसम विभाग की ओर से भी येलो अलर्ट जारी किया गया है. वहीं प्रदेश में मानसून भी पूरी तरह से सक्रिय है.

मनाली-लेह मार्ग पर पर्यटन नगरी मनाली के नेहरू कुंड के पास सड़क पर बड़ी-बड़ी चट्‌टानें गिर गईं, जिससे यह मार्ग यातायात के लिए बंद हो गया. जबकि केलांग से लेह के बीच हो रही बर्फबारी के कारण यातायात को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है. बारालाचा तंगलांगला दर्रा समेत क्षेत्र के तमाम ऊंचे दर्रों पर बर्फबारी हुई है. जिस कारण यह मार्ग यातायात के लिए सुरक्षित नहीं है.

मौसम साफ न होने तक बंद रहेगा यातायात

लाहौल स्पीति के एसपी ने बताया कि केलांग से लेह के बीच यातायात बर्फबारी के चलते रोक दिया गया है. मौसम साफ होने के बाद जैसे ही सड़क यातायात के लिए सुरक्षित होगी, वाहनों की आवाजाही शुरू की जाएगी.

पत्थरों के गिरने से उरनी ढांक पर बना पुल क्षतिग्रस्त

किन्नौर में देर रात से बारिश जारी है, जिसके चलते जिले को जोड़ने वाला नेशनल हाईवे पर जगह-जगह से बंद हो गया है. तेज बारिश के चलते लोगों का घर से बाहर निकलना जोखिम भरा है. सोमवार सुबह उरनी ढांक के पास सतलुज नदी के ऊपर बने पुल पर चट्टान गिरने से पुल को भारी क्षति पहुंची, जिस कारण पुल पर से वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई.

निगुलसरी के पास दोबारा लैंडस्लाइड

वहीं निगुलसरी के पास भी एक बार दोबारा लैंडस्लाइड हुआ, जिस कारण नेशनल हाईवे-5 पूरी तरह बंद हो गया, हालांकि इसे खोल दिया गया था, लेकिन रिकांगपिओ से पूह व स्पीति को जोड़ने वाली एनएच-5 पर पुरवानी झूला, नेसंग पुल के पास पत्थरों का गिरना जारी है. यहां पर भारी चट्टान खिसकने का खतरा बना हुआ है. पागल नाला में भी बाढ़ आने से एनएच-5 अभी बंद है.