नए साल में पहली बार शिमला और मनाली में हुई बर्फबारी, पर्यटकों के चेहरे खिले

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साभार इंटरनेट
शिमला. हिमाचल प्रदेश में मौसम ने फिर करवट ली है. राज्य के पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी होने से मौसम सर्द हो गया है. विख्यात पर्यटन स्थलों शिमला और मनाली में शनिवार को नववर्ष का पहला हिमपात हुआ. इन पर्यटक स्थलों में क्रिसमस के बाद नव वर्ष पर बर्फबारी न होने से पर्यटक काफी मायूस थे. बर्फबारी की चाह में बड़ी तादाद में सैलानी अभी भी शिमला में डेरा डाले हुए हैं तथा शनिवार सुबह बर्फबारी शुरू होते ही इनके चेहरे खिल गए. यहां के ऐतिहासिक माॅल रोड और रिज मैदान पर पर्यटक नाच-गाकर बर्फबारी का लुत्फ उठा रहे हैं.
शिमला से सटे पर्यटक स्थलों कुफरी, नारकंडा और मशोबरा में भी ताजा हिमपात हुआ है. शिमला में विंटर सीजन का यह तीसरा हिमपात है. इससे पहले यहां बीते 13 दिसंबर और 15 दिसंबर को बर्फबारी हुई थी.
उधर, चंबा, कुल्लू और लाहौल-स्पीति जिलों के ऊपरी क्षेत्रों में भी हिमपात का दौर जारी है. लाहौल-स्पीति जिले के प्रवेश द्वार रोहतांग दर्रे और चंद्रावैली में भारी बर्फ गिर रही है.
बर्फबारी के चलते तापमान में भारी गिरावट आने से मौसम सर्द हो गया है. राजधानी शिमला का न्यूनतम तापमान जमाव बिंदू के करीब पहुंच गया है.
शनिवार की सुबह यहां न्यूनतम तापमान 0.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. लाहौल-स्पीति जिले का केलंग राज्य का सबसे ठंडा क्षेत्र रहा, जहां न्यूनतम तापमान -10.5 डिग्री सेल्सियस रहा. इसके अलावा किन्नौर के कल्पा में -3 डिग्री, मनाली में -1.2, डल्हौजी में -0.6, सोलन में 2, सियोबाग में 2.5, धर्मशाला में 2.8, पालमपुर में 4, भुंतर व उना में 4.6, जुब्बड़हट्टी में 4.7, सुंदरनगर में 4.8, मंडी में 6, कांगड़ा व चंबा में 6.6, हमीरपुर में 6.5 और बिलासपुर में 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक मनमोहन सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से पर्वतीय इलाकों में बर्फ गिर रही है. उन्होंने आगामी 24 घंटों के दौरान उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना जताई है.