सौर उर्जा से सींचे जाएंगे हिमाचली खेत, 90% पैसा देगी सरकार

हिमाचल में 224 करोड़ रुपए की ‘सौर सिचांई योजना’ - Panchayat Times

शिमला. मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर की अध्यक्षता में गुरुवार को शिमला में मंत्रिमण्डल की बैठक हुई. जिसमें हिमाचल में 224 करोड़ रुपए की ‘सौर सिंचाई योजना’ को कार्यान्वित करने का निर्णय लिया गया. योजना के अन्तर्गत लघु एवं सीमान्त किसानों को निजी तौर पर 90 प्रतिशत वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी और मध्यम एवं बड़े किसानों को 80 प्रतिशत उपदान प्रदान किया जाएगा.

इसी प्रकार, लघु एवं सीमान्त श्रेणी के किसानों/किसान विकास संघ/कृषक विकास संघ/किसानों की पंजीकृत संस्था इत्यादि को 100 प्रतिशत वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी. योजना के अंतर्गत 5850 कृषि सौर पम्पिग सैट किसानों को उपलब्ध करवाए जाएंगे. मंत्रिमण्डल ने मुख्यमंत्री के बजट आश्वासन के अनुरूप 174.50 करोड़ रुपए की बहाव सिंचाई योजना शुरू करने को मंजूरी प्रदान की. कृषि विभाग की तरफ से कार्यान्वित की जाने वाली इस योजना के अन्तर्गत 7152.30 हैक्टेयर क्षेत्र को सुनिश्चित सिंचाई के अन्तर्गत लाकर राज्य के 9580 से अधिक किसानों को लाभान्वित किया जाएगा.

राज्य कृषि यांत्रिकरण कार्यक्रम शुरू हो

मंत्रिमण्डल ने किसानों को खेती के मशीनीकरण के लिए राज्य में 20 करोड़ रुपए का ‘राज्य कृषि यांत्रिकरण कार्यक्रम शुरू करने का भी निर्णय लिया. इस योजना के अन्तर्गत लघु एवं सीमान्त किसानों, महिला, अनुसूचित जाति तथा अनुसूचित जनजाति से सम्बन्धित पात्र लाभार्थियों को छोटे टै्रक्टर, पॉवर टिल्लर्ज, विडर्ज तथा अन्य आवश्यकता आधारित/अनुमोदित मशीनरी खरीदने के लिए 50 प्रतिशत उपदान प्रदान किया जाएगा.

‘विद्यार्थी वन मित्र योजना’

बैठक में विद्यार्थियों को वनों के महत्व तथा पर्यावरण संरक्षण में उनकी भूमिका के बारे में शिक्षित तथा जागरूक करने के लिए ‘विद्यार्थी वन मित्र योजना’ शुरू करने का निर्णय लिया गया. योजना का उद्देश्य प्रकृति के संरक्षण की दिशा में लगाव की भावना उत्पन्न करना है. योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता के साथ पौधरोपण करके वन आवरण में वृद्धि करना भी है.

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मंत्रिमण्डल ने विभिन्न विभागों/निगमों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए गृह सुरक्षा तथा नागरिक सुरक्षा विभाग में मानदेय आधार पर गृह रक्षा वॉलन्टियर चालकों के 103 रिक्त पद भरने को अपनी मंजूरी प्रदान की. बैठक में पुलिस विभाग में सीधी भर्ती के माध्यम से उप निरीक्षकों (कार्यकारी पुलिस) के 41 पद भरने को सहमति प्रदान की गई.

14 निजी नर्सिंग संस्थानों को अनापत्ति प्रमाण पत्र

मंत्रिमण्डल ने चम्बा जिले के सलूणी में आवश्यक पदों के सृजन सहित नई अग्निशमन पोस्ट खोलने की स्वीकृति प्रदान की. बैठक में कुल्लू जिले के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पतलीकूहल को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में स्तरोन्नत करने तथा इस केन्द्र के संचालन के लिए विभिन्न श्रेणियों के सात पदों के सृजन को मंजूरी प्रदान की गई. मंत्रिमण्डल ने नर्सिंग पाठयक्रमों का संचालन करने के लिए राज्य के 14 निजी नर्सिंग संस्थानों को अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) जारी करने की स्वीकृति प्रदान की.

11 कैमरामैन की सीधी भर्ती होगी

मंत्रिमण्डल ने सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग में सीधी भर्ती के माध्यम से अनुबन्ध आधार पर जूनियर केमरामैन के 11 पदों के सृजन तथा इन्हें भरने और सहायक लोक सम्पर्क अधिकारी के पांच रिक्त पदों को भरने का निर्णय लिया. बैठक में सफाई/स्वच्छता तथा लोक सेवाओं के मानकों के आधार पर सर्वश्रेष्ठ नगर परिषदों तथा नगर पंचायतों के चयन के लिए श्रेष्ठ शहर योजना के लिए दिशा-निर्देशों को स्वीकृति प्रदान की गई. योजना का उद्देश्य सफाई/स्वच्छता, आय में वृद्धि, लोक सेवाएं प्रदान करना, निर्माण विनियमन, निधि की उपयोगिता, सार्वजनिक अधोसंरचना तथा कार्यालय कार्यों के मानदण्डों के आधार पर श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाली शहरी स्थानीय निकायों को पुरस्कृत करना तथा प्रोत्साहन प्रदान करना है.

हिमाचल में 224 करोड़ रुपए की ‘सौर सिचांई योजना’ - Panchayat Times

बुरूआ जल विद्युत परियोजना

मंत्रिमण्डल की बैठक में शिमला/धर्मशाला स्मार्ट सिटी पर शहरी विकास विभाग द्वारा प्रस्तुति भी दी गई. मंत्रिमण्डल ने 2.50 मेगावाट की बुरूआ जल विद्युत परियोजना को मै. जुनिपर इनफ्राकॉन (पी) लिमिटेड मनाली जिला कुल्लू को तथा 0.80 मेगावाट की ग्रामन परियोजना को मै. सुभाष चन्द लोअर समखेतर जिला मण्डी को आवंटित करने का निर्णय लिया.

62.06 बीघा सरकारी भूमि को हाईड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज समिति बन्दला के नाम

बैठक में राज्य में निर्मित की जा रही थर्माकोल कटलरी की राज्य के बाहर बिक्री करने की स्वीकृति प्रदान की गई, क्योंकि राज्य में थर्माकोल कटलरी पर पूर्ण प्रतिबन्ध है. मंत्रिमण्डल ने बिलासपुर जिले के बन्दला में कॉलेज की स्थापना के लिए 62.06 बीघा सरकारी भूमि को हाईड्रो इंजीनियरिंग कॉलेज समिति बन्दला के नाम एक रुपए प्रति बीघा की दर से 99 सालों के लिए पट्टे पर हस्तांतरण करने की मंजूरी प्रदान की. मंत्रिमण्डल ने इसका पुनः नामकरण करते हुए राजकीय हाईड्रो इंजीनिरिंग कॉलेज बन्दला, बिलासपुर नाम रखने को भी स्वीकृति प्रदान की.

राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया दल की एक बटालियन स्वीकृत

मंत्रिमण्डल ने हिमाचल प्रदेश को राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया दल की एक बटालियन स्वीकृत करने के लिये केन्द्र सरकार का धन्यवाद किया. मंत्रिमण्डल ने कृषि विभाग में अनुबंध आधार पर कनिष्ठ अभियंताओं के 17 पदों को भरने की स्वीकृति प्रदान की. मंत्रिमण्डल ने सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग में अनुबंध आधार पर सहायक अभियंता (सिविल) के 11 पद भरने की स्वीकृति प्रदान की.