नई दिल्ली: कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि युद्ध जैसे गंभीर हालात पर राजनीति करना उचित नहीं है। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि पश्चिम एशिया (West Asia) में बढ़ते संघर्ष के बीच खाड़ी देशों में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा के लिए केंद्र की क्या ठोस योजना है।
संसद परिसर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान प्रियंका गांधी ने कहा कि ऊपर से बम बरस रहे हैं और लोगों की जान खतरे में है, ऐसे समय में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप की बजाय लोगों की सुरक्षा और राहत पर ध्यान दिया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा, “लोगों की जान खतरे में है क्योंकि ऊपर से बम गिर रहे हैं। सरकार क्या कर रही है? लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की क्या योजना है? युद्ध जैसी स्थिति पर राजनीति करना ठीक नहीं है।”
मोदी के बयान पर कांग्रेस का पलटवार
प्रियंका गांधी की यह प्रतिक्रिया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान के बाद आई है, जिसमें उन्होंने कांग्रेस पर “खतरनाक बयानबाजी” करने का आरोप लगाया था। प्रधानमंत्री ने केरल में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा था कि सरकार लगातार काम कर रही है ताकि पश्चिम एशिया संघर्ष का असर भारत पर कम से कम पड़े और विदेशों में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। इस पर पलटवार करते हुए प्रियंका गांधी ने कहा कि यह मुद्दा राजनीतिक नहीं, बल्कि राष्ट्रीय चिंता का विषय है, और इस पर सभी दलों को एकजुट होकर समाधान निकालना चाहिए। उन्होंने कहा, “हम सब इस मुद्दे पर एक हैं, पूरा देश एकजुट है। लेकिन जो समस्याएं पैदा हो रही हैं, उनका समाधान भी चाहिए।”
संसद में चर्चा की मांग
प्रियंका गांधी ने कहा कि सरकार को इस संकट पर संसद में विस्तृत चर्चा करानी चाहिए, ताकि सभी पक्ष मिलकर भारतीयों की सुरक्षा, तेल आपूर्ति, और आर्थिक असर जैसे मुद्दों पर ठोस रणनीति बना सकें।
उन्होंने कहा कि संक्षिप्त बयान देने से काम नहीं चलेगा, बल्कि देश को यह जानने का अधिकार है कि सरकार की तैयारी क्या है और आगे की कार्ययोजना क्या है।
महंगाई और ईंधन संकट पर भी उठाए सवाल
प्रियंका गांधी ने पश्चिम एशिया संकट के आर्थिक असर को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि गैस सिलेंडर पहले ही आम लोगों की पहुंच से बाहर होता जा रहा है, और यदि हालात और बिगड़े तो पेट्रोल-डीजल की किल्लत और कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है।
उन्होंने कहा, “आज गैस सिलेंडर इतना महंगा हो गया है कि आम आदमी खरीद नहीं पा रहा। आगे क्या होगा? पेट्रोल-डीजल की कमी हो सकती है। सरकार ने इससे निपटने के लिए क्या तैयारी की है?”
सरकार का दावा—भारतीयों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि वह संघर्ष से जुड़े देशों के नेताओं के लगातार संपर्क में हैं और भारतीय दूतावास 24 घंटे काम कर रहे हैं ताकि विदेशों में मौजूद भारतीयों को हर संभव मदद दी जा सके। प्रधानमंत्री ने कहा कि खाड़ी देशों में रह रहे भारतीयों की सुरक्षा और हितों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
BJP बनाम कांग्रेस: संकट पर सियासी टकराव तेज
पश्चिम एशिया में जारी तनाव को लेकर अब बीजेपी और कांग्रेस के बीच सियासी टकराव तेज हो गया है।
एक तरफ सरकार अपने प्रयासों और तैयारियों का दावा कर रही है, वहीं विपक्ष जवाबदेही, पारदर्शिता और संसद में चर्चा की मांग कर रहा है। यह पूरा मुद्दा अब सिर्फ विदेश नीति तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि इसका असर भारतीय नागरिकों, अर्थव्यवस्था, ईंधन आपूर्ति और घरेलू महंगाई तक दिखाई देने लगा है।
