नई दिल्ल: प्रधानमंत्री के flagship governance platform PRAGATI (Pro-Active Governance and Timely Implementation) ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। PRAGATI की 50वीं बैठक के सफल आयोजन के साथ ही यह मंच एक दशक में तेज़ फैसलों और लंबित परियोजनाओं के समाधान का मजबूत उदाहरण बनकर उभरा है। इसी कड़ी में Jaipur-Sikar-Churu Gauge Conversion Project को समय पर आगे बढ़ाने में PRAGATI की अहम भूमिका सामने आई है।
2015 में लॉन्च हुआ था PRAGATI प्लेटफॉर्म
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा वर्ष 2015 में शुरू किया गया PRAGATI प्लेटफॉर्म, केंद्र और राज्य सरकारों के बीच real-time monitoring, समस्या समाधान और जवाबदेही सुनिश्चित करने का सशक्त माध्यम बना है। यह मंच cooperative federalism का उदाहरण है, जहां केंद्र, राज्य और केंद्रीय मंत्रालय एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर मिलकर काम करते हैं।
Rajasthan का बड़ा Rail Infrastructure Project
Jaipur-Sikar-Churu Gauge Conversion Project राजस्थान की एक महत्वपूर्ण rail infrastructure project है, जिसे North Western Railway द्वारा Ministry of Railways के प्रशासनिक नियंत्रण में लागू किया गया। इस परियोजना के तहत करीब 320 किलोमीटर लंबे मीटर गेज ट्रैक को broad gauge में बदला गया। परियोजना की कुल लागत लगभग ₹1,222 करोड़ रही।
PRAGATI समीक्षा में सामने आई थीं बड़ी अड़चनें
इस परियोजना की समीक्षा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 28 सितंबर 2016 को PRAGATI बैठक में की थी। समीक्षा के दौरान सामने आया कि land disputes और forest-related objections के कारण काम में देरी हो रही थी।
प्रधानमंत्री ने Ministry of Railways, Rajasthan Government और Ministry of Environment, Forest and Climate Change को निर्देश दिए कि भूमि अधिग्रहण और वन संबंधी मुद्दों का शीघ्र समाधान किया जाए। साथ ही तय समयसीमा में working permission जारी करने और ऐसे मामलों को Cabinet Secretary के स्तर तक ले जाने के निर्देश भी दिए गए।
इंटर-मिनिस्ट्रियल समन्वय से निकला समाधान
PRAGATI के जरिए हुए हस्तक्षेप और लगातार inter-ministerial coordination के परिणामस्वरूप प्रक्रियागत अस्पष्टताएं दूर हुईं। राज्य वन विभाग की आपत्तियों का समाधान किया गया और कार्य अनुमति प्रभावी रूप से जारी की गई। दिसंबर 2016 तक रेलवे मंत्रालय ने पुष्टि की कि निर्माण कार्य सुचारू रूप से आगे बढ़ रहा है।
अप्रैल 2019 में हुआ सफल कमीशनिंग
लंबे समय से अटके भूमि और वन विवाद सुलझने के बाद गेज परिवर्तन कार्य बिना किसी रुकावट के पूरा हुआ। इसका सीधा परिणाम यह रहा कि Jaipur-Sikar-Churu Broad Gauge Section को 25 अप्रैल 2019 को सफलतापूर्वक राष्ट्रीय ब्रॉड गेज नेटवर्क से जोड़ दिया गया।
PRAGATI बना तेज़ विकास का मॉडल
यह परियोजना इस बात का स्पष्ट उदाहरण है कि कैसे PRAGATI platform के जरिए समय पर निर्णय, जवाबदेही और समन्वय से बड़े infrastructure projects को गति दी जा सकती है।
