खुले में पढ़ने को मजबूर बच्चे, अभी तक नहीं बना स्कूल भवन

स्कूल भवन नहीं बच्चे खुले में पढ़ने को मजबूर-Panchayat Times
स्कूल जाते बच्चे

देहरा (कांगड़ा). प्रदेश शिक्षा विभाग ने 21 मार्च 2017 को लोक निर्माण विभाग के बैंक अकाउंट में भेजी थी. इसके साथ ही पाठशाला के निर्माण कार्य पर 17 लाख रुपए की पहली किस्त 9 अप्रैल 2018 को दस लाख 56 हजार रुपए की दूसरी किस्त जारी की. लेकिन, लोक निर्माण विभाग के बैंक अकाउंट में करीब डेढ़ साल से 27 लाख 56 हजार रुपए की राशि जमा होने के बावजूद आज तक नहीं शुरू हुआ है.

यहां स्कूल की ओर से कही से भी रास्ता न होने के कारण करीब 4 सौ गज लम्बी खड्ड से होते हुए बच्चे अपने स्कूल पहुंच रहे है. लेकिन, विभागीय प्रशासन सब कुछ देखने के बावजूद मूक दर्शक बना हुआ है. लेकिन, किसी दिन अगर यहां कोई अनहोनी पेश आई तो शायद विभाग के पास इस बात की सफाई के लिए कोई गुंजाइश नहीं होगी.

इतना ही नहीं उक्त पाठशाला में स्कूली बच्चों को बैठने के लिए न ही उचित भवन है और कई टीचरो के पद कई सालों से रिक्त हैं. जिन्हें आज नहीं भरा समझा हालात ऐसे है कि कई कक्षा मजबूरन खुले आसमान के नीचे चल रही है. ऐसे में यहां शिक्षा ग्रहण करने वाले तमाम छात्र छात्राऐं ही नहीं बल्कि उनके अभिभावक भी विभागीय प्रशासन को कोसते हुए नजर आ रहे है.

जब इस बारे स्कूल प्रधानाचार्य दिनेश शर्मा से बात की तो उन्होंने कहा कि उक्त पाठशाला के जीर्णोद्वार पर एक करोड़ तीन लाख रुपए की राशी प्रदेश शिक्षा विभाग दोबारा स्वीकृति हुई है. जिसके 27 लाख 56 हजार रुपए लोक निर्माण विभाग देहरा कार्यलय को दो अलग अलग किस्तो में भेजे गए है. लेकिन, इस बारे मैं मैने कई बार पीडब्लूडी कार्यालय जाकर बात की लेकिन, आज तक काम शुरू नहीं हुआ.