हिमाचल प्रदेश में 31 मार्च तक तबादलों पर रोक, लोग परेशान

शिमला. उप तहसील जुन्गा में नायब तहसीलदार का पद पिछले 11 दिसम्बर से रिक्त है. इससे लोगों को राजस्व संबधी कार्यों के लिए परेशानी हो रही है.

एसडीएम ग्रामीण शिमला ने फिलहाल उप तहसील जुन्गा का कार्यभार नायब तहसीलदार धामी को सौंपा है लेकिन उन्हें सप्ताह के दो दिन शुक्रवार और शनिवार को ही बैठने के आदेश दिए गए हैं. अनेकों बार शनिवार को अवकाश होने पर लोगों के कार्य रूक जाते हैं. धामी से जुन्गा का कार्यभार देखना किसी भी अधिकारी के लिए कठिन है.  हिमाचल प्रदेश में सभी सरकारी विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों पर पूर्ण रोक लगा दी गई है. मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा गुरुवार देर रात जारी अधिसूचना के मुताबिक 31 मार्च 2020 तक अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों पर रोक रहेगी.

अधिसूचना में कहा गया है कि आगामी वित्तीय वर्ष का बजट तैयार करने और स्कूलों में वार्षिक परीक्षाओं के कारण यह फैसला लिया गया है। मुख्यमंत्री कार्यालय के अतिरिक्त सचिव ने सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, बोर्डों-निगमों के अध्यक्षों-उपाध्यक्षों को तबादलों पर रोक लगाने के आदेश जारी किए हैं.

अधिसूचना के अनुसार वित्तीय वर्ष 2020-21 के वार्षिक बजट को तैयार करने काम शुरू कर दिया गया है. ऐसे में अधिकारी और कर्मचारी बजट को तैयार करने में व्यस्त होंगे. इसी तरह से शिक्षण संस्थानों में वार्षिक परीक्षाओं का दौर चलेगा तथा इस दौरान विद्यार्थियों की पढ़ाई पर प्रतिकूल असर न पड़े, लिहाजा कोई भी तबादला नहीं होगा। सरकार के इस आदेश का असर प्रदेश के दो लाख से ज्यादा नियमित कर्मचारियों पर पड़ेगा। उप तहसील जुन्गा में नायब तहसीलदार का पद गत माह 11 दिसम्बर से रिक्त है. इससे लोगों को राजस्व संबधी कार्यों के लिए परेशानी हो रही है.

एसडीएम ग्रामीण शिमला ने फिलहाल उप तहसील जुन्गा का कार्यभार नायब तहसीलदार धामी को सौंपा है लेकिन उन्हें सप्ताह के दो दिन शुक्रवार और शनिवार को ही बैठने के आदेश दिए गए हैं. अनेकों बार शनिवार को अवकाश होने पर लोगोें के कार्य रूक जाते हैं. धामी से जुन्गा का कार्यभार देखना किसी भी अधिकारी के लिए कठिन है.


पीरन पंचायत के प्रीतम ठाकुर, भगत चंद आनंद, सतलाई पंचायत के नेत्र सिंह सहित अनेक लोगों ने कहा कि नायब तहसीलदार न होने से लोगों के भूमि संबधी सारे कार्य रूक गए हैं। दूर-दराज गांव से पहुंचे लोगों को शाम को निराश होकर लौटना पड़ता है.
इन लोगों का कहना है कि राजस्व संबधी अनेक मामले उप तहसील की अदालत में लंबित पड़े हैं, जिस कारण लोगों को समय पर न्याय नहीं मिल पा रहा है. अतिरिक्त कार्यभार होने के चलते नायब तहसीलदार छिटपुट कार्य ही निपटा रहे हैं.


लोगों ने कहा कि एसडीएम ग्रामीण शिमला को नायब तहसीलदार धामी के बजाए शिमला ग्रामीण के नायब तहसीलदार को चार्ज देना चाहिए था क्योंकि शिमला ग्रामीण में लोगों के कार्यों के लिए तहसीलदार उपलब्ध हैं. उन्होंने सरकार से नायब तहसीलदार का पद शीघ्र भरने की गुहार लगाई.
कसुम्पटी निर्वाचन क्षेत्र की भाजपा उम्मीदवार विजय ज्योति सेन ने कहा कि नायब तहसीलदार का पद भरने के लिए प्रदेश सरकार के समक्ष मामला रखा गया है.उम्मीद है कि सरकार शीघ्र ही इस बारे निर्णय करेगी.