नई दिल्ली. ICICI Securities की एक नई रिपोर्ट में कहा गया है कि हाल के दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में हुई बढ़ोतरी से भारत की ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) के रिटेल फ्यूल लॉस में कमी आई है। हालांकि, एलपीजी अंडर-रिकवरी और कच्चे तेल की वैश्विक कीमतों में उतार-चढ़ाव के चलते लाभप्रदता पर दबाव अभी भी बना हुआ है।
दो हफ्तों में ₹7.5 प्रति लीटर तक बढ़े ईंधन दाम
रिपोर्ट के अनुसार, 15 मई 2026 के बाद से पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुल मिलाकर करीब 7.5 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई है। इसमें 25 मई को घोषित 2.6 से 2.7 रुपये प्रति लीटर की हालिया वृद्धि भी शामिल है।
कीमतें बढ़ाने के बावजूद अभी भी नुकसान जारी
ICICI Securities ने अपनी रिपोर्ट “OMCs: Successive Price Increases Reduce Losses, But A Fair Way To Go” में कहा कि पेट्रोल और डीजल पर रिटेल मार्जिन पहले की तुलना में काफी गिर गया है।
Q3 FY26 में जहां पेट्रोल और डीजल पर क्रमशः 7.8 रुपये और 2.9 रुपये प्रति लीटर का मुनाफा था, वहीं अप्रैल 2026 में यह घटकर लगभग 17 रुपये और 20 रुपये प्रति लीटर के नुकसान में बदल गया।
ब्रेक-ईवन के लिए और बढ़ोतरी की जरूरत
रिपोर्ट के अनुसार, मौजूदा स्थिति में OMCs को ब्रेक-ईवन तक पहुंचने के लिए पेट्रोल में लगभग 6.6 रुपये प्रति लीटर और डीजल में 9.7 रुपये प्रति लीटर की अतिरिक्त बढ़ोतरी की जरूरत होगी। सामान्य मार्जिन बहाल करने के लिए 3.5 से 4 रुपये प्रति लीटर और बढ़ोतरी की आवश्यकता हो सकती है।
एलपीजी घाटा बढ़ा, प्रति सिलेंडर ₹650 से ज्यादा नुकसान
रिपोर्ट में एलपीजी (LPG) अंडर-रिकवरी को लेकर भी चिंता जताई गई है। मई 2026 में प्रति सिलेंडर नुकसान बढ़कर 650 रुपये से अधिक हो गया, जबकि अप्रैल में यह लगभग 170 रुपये था।
कुल मिलाकर उद्योग को तिमाही आधार पर लगभग 300 अरब रुपये के एलपीजी घाटे का सामना करना पड़ सकता है, खासकर एशियाई बाजार में प्रोपेन और ब्यूटेन की कीमतों में उछाल के कारण।
कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव से खतरा
रिपोर्ट में कहा गया है कि वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में अस्थिरता OMCs के लिए बड़ा जोखिम बनी हुई है। अमेरिका-ईरान तनाव और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर अनिश्चितता के चलते ऊर्जा बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।
हालांकि 25 मई को कच्चे तेल की कीमतों में 5–6 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, लेकिन भू-राजनीतिक जोखिम अभी भी उच्च बने हुए हैं।
OMCs पर सकारात्मक रुख बनाए रखा
ICICI Securities ने Indian Oil Corporation, Bharat Petroleum Corporation Limited और Hindustan Petroleum Corporation Limited पर सकारात्मक रुख बनाए रखा है। IOCL और BPCL पर BUY रेटिंग और HPCL पर ADD रेटिंग दी गई है।
महंगाई पर भी पड़ सकता है असर
रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि लगातार ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी से ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स लागत बढ़ सकती है, जिससे व्यापक स्तर पर महंगाई का दबाव बढ़ने की आशंका है।
