नई दिल्ली: केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को नई दिल्ली के पूसा परिसर में आयोजित राष्ट्रीय ग्रामीण विकास सम्मेलन (Rashtriya Gramin Vikas Sammelan) के दौरान AI Enabled Rural Internal Audit Portal लॉन्च किया। सरकार का कहना है कि इस नए डिजिटल पोर्टल से ग्रामीण विकास योजनाओं की निगरानी पहले से ज्यादा आसान, पारदर्शी और प्रभावी होगी।
यह पोर्टल ग्रामीण विकास मंत्रालय और National Informatics Centre (NIC) ने मिलकर तैयार किया है। इसमें Artificial Intelligence (AI) का इस्तेमाल किया गया है, जिससे ऑडिट की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन और तेज हो जाएगी।
अब पूरी Audit प्रक्रिया होगी ऑनलाइन
सरकार के अनुसार, पहले ऑडिट का काम कागजी दस्तावेजों और अलग-अलग रिकॉर्ड के जरिए होता था, जिससे रिपोर्ट तैयार करने और कार्रवाई में काफी समय लगता था।
अब इस पोर्टल के जरिए Audit Planning, Report, Monitoring, Action Taken Report (ATR) और रिकॉर्ड रखने का पूरा काम एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर किया जाएगा। इससे समय की बचत होगी और काम में पारदर्शिता बढ़ेगी।
AI बताएगा कहां ज्यादा जांच की जरूरत
इस पोर्टल की सबसे बड़ी खासियत Artificial Intelligence है। AI की मदद से यह पता लगाया जा सकेगा कि किन जिलों या योजनाओं में गड़बड़ी की आशंका ज्यादा है। इससे अधिकारियों को समय रहते जरूरी कार्रवाई करने में मदद मिलेगी।
भविष्य में इसमें Predictive Analytics और Risk Analysis जैसे आधुनिक फीचर भी जोड़े जाएंगे।
देशभर में होगी योजनाओं की निगरानी
पोर्टल में Map View की सुविधा भी दी गई है। इसके जरिए अधिकारी पूरे देश में यह देख सकेंगे कि किस जिले में ऑडिट हुआ है, कहां अभी ऑडिट बाकी है और किन मामलों में कार्रवाई लंबित है।
इससे संसाधनों का बेहतर उपयोग होगा और जिन क्षेत्रों में अब तक ऑडिट नहीं हुआ है, वहां प्राथमिकता के आधार पर जांच कराई जा सकेगी।
कागज का काम होगा कम
सरकार का कहना है कि इस डिजिटल सिस्टम से कागजी काम काफी कम हो जाएगा। सभी रिकॉर्ड ऑनलाइन सुरक्षित रहेंगे और जरूरत पड़ने पर आसानी से उपलब्ध होंगे। इसके अलावा रिपोर्ट तैयार करने, मंजूरी देने और कार्रवाई की प्रक्रिया भी पहले की तुलना में तेज होगी।
उत्तर प्रदेश में हुआ था सफल ट्रायल
इस पोर्टल का पहला ट्रायल उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में अप्रैल 2025 में किया गया था। ट्रायल सफल रहने के बाद इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया गया और अक्टूबर 2025 से इसके सभी प्रमुख फीचर काम करने लगे।
पूरे देश के लिए बनेगा मॉडल
ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार, इस पोर्टल की सफलता को देखते हुए Controller General of Accounts (CGA) ने भी इसे अन्य केंद्रीय मंत्रालयों और विभागों में लागू करने की सैद्धांतिक मंजूरी दी है।
सरकार का मानना है कि आने वाले समय में यह पोर्टल सरकारी योजनाओं की निगरानी और वित्तीय पारदर्शिता बढ़ाने के लिए एक मॉडल के रूप में काम करेगा।
पारदर्शिता और जवाबदेही होगी मजबूत
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि Rural Internal Audit Portal से ग्रामीण विकास योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी, गड़बड़ियों पर जल्दी नजर रखी जा सकेगी और सरकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक बेहतर तरीके से पहुंचेगा। AI और डिजिटल तकनीक की मदद से ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं का संचालन पहले से ज्यादा प्रभावी और जवाबदेह बनाया जाएगा।

