नई दिल्ली: देश में जारी Census of India 2027 के पहले चरण में अब तक 26 लाख से अधिक परिवारों ने Self-Enumeration सुविधा का उपयोग किया है। यह आंकड़ा देश में डिजिटल भागीदारी और ऑनलाइन डेटा संग्रह की बढ़ती स्वीकार्यता को दर्शाता है।
Office of the Registrar General & Census Commissioner, India के अनुसार, नागरिकों ने ऑनलाइन माध्यम से अपनी जानकारी देकर एक तेज, सरल और सुविधाजनक प्रक्रिया को अपनाया है, जिससे राष्ट्रीय डाटा संग्रह में भागीदारी बढ़ रही है।
किन राज्यों में चल रही Self-Enumeration सुविधा
पहले चरण के तहत Self-Enumeration सुविधा फिलहाल इन क्षेत्रों में जारी है—
उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, छत्तीसगढ़, हरियाणा और बिहार।
हाउस लिस्टिंग का काम भी जारी
दूसरी ओर, गोवा, कर्नाटक, मिजोरम, ओडिशा, सिक्किम, अंडमान-निकोबार, लक्षद्वीप, दादरा एवं नगर हवेली और दमन-दीव, साथ ही दिल्ली के NDMC क्षेत्र और दिल्ली कैंटोनमेंट बोर्ड में House Listing और Housing Census का काम शुरू हो चुका है।
इस चरण में भवनों की सूची, आवासीय स्थिति, सुविधाओं और संपत्तियों से जुड़ी जानकारी एकत्र की जा रही है।
अगला चरण कब होगा
जनसंख्या गणना का दूसरा चरण, यानी Population Enumeration, अगले साल फरवरी में आयोजित किया जाएगा। इसमें उम्र, लिंग, शिक्षा, व्यवसाय और जाति से जुड़ी व्यक्तिगत जानकारी एकत्र की जाएगी।
सरकार का कहना है कि यह डिजिटल जनगणना प्रक्रिया देश में डेटा आधारित नीति निर्माण को और मजबूत बनाएगी।
