नई दिल्ली: देशभर में Paper Leak और प्रतियोगी परीक्षाओं में अनियमितताओं पर रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार आज लोकसभा में Public Examinations (Prevention of Unfair Means) Amendment Bill, 2026 पेश करेगी। केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह इस विधेयक को सदन में प्रस्तुत करेंगे। इसका उद्देश्य Public Examinations (Prevention of Unfair Means) Act, 2024 में संशोधन कर परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी तथा सुरक्षित बनाना है।
पेपर लीक पर सख्त होगी कार्रवाई
प्रस्तावित संशोधन विधेयक के जरिए Paper Leak, Exam Malpractice और अन्य परीक्षा संबंधी गड़बड़ियों के मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई का प्रावधान किया जाएगा। सरकार का मानना है कि इससे प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बढ़ेगी और अभ्यर्थियों के हितों की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने की तैयारी
इससे पहले शुक्रवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इस संशोधन विधेयक के मसौदे को मंजूरी दी थी। प्रस्तावित कानून के तहत Fast-Track Courts स्थापित करने का प्रावधान किया जाएगा, ताकि पेपर लीक और परीक्षा में धांधली से जुड़े मामलों का जल्द निपटारा हो सके। इसके साथ ही दोषियों के लिए पहले से अधिक कड़े दंड और सख्त कानूनी कार्रवाई का भी प्रावधान किया जाएगा।
परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी बनाने पर जोर
सरकार का कहना है कि यह संशोधन देश की Public Examination System को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और भरोसेमंद बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा। हाल के वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सामने आए Paper Leak Cases को देखते हुए सरकार परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है।

