नई दिल्ली. हिमाचल प्रदेश सरकार ने Government Recruitment प्रक्रिया में बड़ा बदलाव करते हुए नई भर्ती के लिए Dop Test अनिवार्य करने का फैसला लिया है। अब सरकारी विभागों में नौकरी पाने के इच्छुक अभ्यर्थियों को नियुक्ति से पहले Drug Test कराना होगा। राज्य सरकार का कहना है कि यह कदम युवाओं को नशे से दूर रखने और सरकारी सेवाओं में पारदर्शिता व अनुशासन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
CM Sukhvinder Singh Sukhu की बड़ी घोषणा
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रशासनिक सचिवों के साथ हुई समीक्षा बैठक में इस फैसले की घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार चिट्टा (हेरोइन) और अन्य मादक पदार्थों के खिलाफ व्यापक अभियान चला रही है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, नई Government Jobs में चयन से पहले सभी अभ्यर्थियों का Dop Test कराया जाएगा। इस संबंध में आवश्यक अधिसूचना जारी करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
नशे के खिलाफ अभियान होगा और सख्त
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से नशे की तस्करी में कथित रूप से शामिल सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार नशे के कारोबार के खिलाफ सख्त रुख अपनाए हुए है और भविष्य में भी कार्रवाई जारी रहेगी। सरकार का मानना है कि सरकारी सेवाओं में नियुक्त होने वाले कर्मचारियों का नशामुक्त होना आवश्यक है।
पेंशनर्स के बकाया भुगतान के निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने Class-IV Pensioners के लंबित भुगतान की भी समीक्षा की। उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि ग्रेच्युटी और Leave Encashment की बकाया राशि का भुगतान जल्द से जल्द सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि बजट में किए गए वादों को तय समय में पूरा किया जाना चाहिए।
Compassionate Appointment मामलों पर भी फोकस
सरकार ने Compassionate Appointment से जुड़े लंबित मामलों को भी प्राथमिकता देने का निर्णय लिया है। जिन परिवारों ने कर्मचारी की मृत्यु या दिव्यांगता के बाद नौकरी के लिए आवेदन किया है, उनके मामलों की जानकारी सभी विभागों से मांगी गई है।इन मामलों पर जल्द निर्णय लेने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।
खाली पदों पर जल्द होगी भर्ती
मुख्यमंत्री ने सभी विभागों से रिक्त पदों की सूची तुरंत उपलब्ध कराने को कहा है। सरकार का लक्ष्य खाली पदों पर जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू करना है।
इसी क्रम में राज्य सरकार ने 500 Junior Office Assistant (IT) पदों पर भर्ती का भी फैसला लिया है, जिससे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
सरकार का उद्देश्य
राज्य सरकार का कहना है कि Himachal Govt Job Dop Test का उद्देश्य केवल भर्ती प्रक्रिया को कड़ा बनाना नहीं, बल्कि युवाओं को नशे से दूर रखने और एक Drug-Free Himachal की दिशा में ठोस कदम उठाना है। सरकार का मानना है कि इससे सरकारी सेवाओं में स्वस्थ और जिम्मेदार कार्य संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा।
