नई दिल्ली. शनिवार को देशभर में अचानक मोबाइल फोन पर तेज अलर्ट टोन और “Extremely Severe Alert” का नोटिफिकेशन दिखाई दिया, जिससे कई लोग चौंक गए। हालांकि यह किसी आपदा की चेतावनी नहीं बल्कि एक टेस्ट मैसेज था।
आपदा के समय तुरंत सूचना देने की तैयारी
यह पहल सरकार की उस योजना का हिस्सा है, जिसके तहत आपातकालीन स्थितियों में लोगों तक समय पर और सटीक जानकारी पहुंचाई जा सके। इस एडवांस पब्लिक अलर्ट सिस्टम को Department of Telecommunications (DoT), Ministry of Home Affairs (MHA) और National Disaster Management Authority (NDMA) के सहयोग से विकसित किया गया है।
भारत का स्वदेशी सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम
इस टेस्ट के तहत भारत ने अपने स्वदेशी Cell Broadcast System को परखा, जो किसी भी आपदा के दौरान लोकेशन के आधार पर तुरंत अलर्ट भेज सकता है। यह मैसेज हिंदी, अंग्रेजी और क्षेत्रीय भाषाओं में भेजे गए, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों तक जानकारी पहुंचे।
पहले से दी गई थी जानकारी
NDMA ने 2 मई को होने वाले इस टेस्ट के बारे में पहले ही SMS के जरिए लोगों को सूचित किया था, ताकि अचानक आने वाले अलर्ट से घबराहट न फैले।
मैसेज में क्या लिखा था
फोन पर आए नोटिफिकेशन में बताया गया कि भारत ने अपने नागरिकों के लिए स्वदेशी तकनीक पर आधारित इंस्टेंट डिजास्टर अलर्ट सिस्टम लॉन्च किया है। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि यह सिर्फ एक टेस्ट मैसेज है और इस पर कोई कार्रवाई करने की जरूरत नहीं है।
नागरिकों को क्या करना है
सरकार ने साफ किया है कि यह केवल परीक्षण है, इसलिए लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। यह अलर्ट एक से अधिक बार भी आ सकता है, जिसे नजरअंदाज किया जा सकता है।
