नई दिल्ली. नई दिल्ली में आयोजित India AI Impact Summit 2026 के दौरान प्रधानमंत्री Narendra Modi ने वैश्विक नेताओं और उद्योग जगत के प्रमुखों के साथ उच्चस्तरीय बैठकें कीं। इस दौरान उन्होंने Sundar Pichai से मुलाकात कर भारत के तेजी से बढ़ते आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इकोसिस्टम पर चर्चा की।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि भारत AI के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है और गूगल भारतीय छात्रों व पेशेवरों के साथ मिलकर इस क्षेत्र में नए अवसर विकसित कर सकता है।
फिनलैंड के प्रधानमंत्री Petteri Orpo से FTA पर चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी ने फिनलैंड के प्रधानमंत्री Petteri Orpo से भी विस्तृत बातचीत की। उन्होंने भारत-यूरोपीय संघ (EU) मुक्त व्यापार समझौते (FTA) के समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह समझौता भारत-यूरोप संबंधों में “स्वर्णिम युग” की शुरुआत करेगा। दोनों देशों ने द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। बैठक में 6G, नवाचार, स्वच्छ ऊर्जा, बायोफ्यूल और सर्कुलर इकोनॉमी जैसे भविष्य के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर भी चर्चा हुई।
स्पेन के राष्ट्रपति Pedro Sánchez से भी मुलाकात
प्रधानमंत्री मोदी ने स्पेन के राष्ट्रपति Pedro Sánchez के साथ भी बैठक की। दोनों नेताओं ने रक्षा, सुरक्षा, प्रौद्योगिकी और अन्य क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2026 को “भारत-स्पेन संस्कृति, पर्यटन और AI वर्ष” के रूप में मनाया जाएगा, जिससे दोनों देशों के बीच लोगों के बीच संपर्क और मजबूत होगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि EU के साथ हुआ ऐतिहासिक FTA स्पेन के साथ आर्थिक साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।
भारत AI Impact Summit 2026 की खास बातें
नई दिल्ली के Bharat Mandapam में 16 से 20 फरवरी तक आयोजित इस शिखर सम्मेलन में 110 से अधिक देशों और 30 अंतरराष्ट्रीय संगठनों की भागीदारी हो रही है।
करीब 20 राष्ट्राध्यक्ष या सरकार प्रमुख और 45 मंत्री इस वैश्विक सम्मेलन में शामिल हो रहे हैं।
यह ग्लोबल साउथ में आयोजित पहला वैश्विक AI सम्मेलन है, जिसका उद्देश्य “AI for Humanity” के सिद्धांत पर मानव-केंद्रित, सुरक्षित और समावेशी AI विकास को बढ़ावा देना है।
2030 तक 400 बिलियन डॉलर का IT सेक्टर
ANI को दिए एक विशेष इंटरव्यू में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत का IT सेक्टर देश की सेवा निर्यात अर्थव्यवस्था की रीढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि AI भारत के IT सेक्टर के लिए बड़ा अवसर और चुनौती दोनों है। अनुमान है कि 2030 तक भारत का IT सेक्टर 400 बिलियन डॉलर तक पहुंच सकता है, जिसमें AI आधारित आउटसोर्सिंग और ऑटोमेशन की बड़ी भूमिका होगी।
भारत सरकार का लक्ष्य AI के माध्यम से “सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय” की भावना को साकार करना और तकनीक को मानव कल्याण के लिए उपयोग करना है।
