नई दिल्ली. प्रधानमंत्री Narendra Modi ने सोमवार को रिपब्लिक समिट 2026 में कहा कि भारत आज जो फैसले ले रहा है, वे केवल वर्तमान के लिए नहीं बल्कि आने वाले हजार वर्षों के भविष्य को आकार देंगे। उन्होंने कहा कि भारत एक तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था होने के साथ-साथ विश्वसनीय शक्ति के रूप में भी उभर रहा है और पूरी दुनिया अब ‘नेशन फर्स्ट’ की भावना के साथ आगे बढ़ रहे भारत को समझ रही है।
भारत क्षणिक घटनाओं पर प्रतिक्रिया देने वाला देश नहीं
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत की पहचान उसकी प्राचीन सभ्यता, दीर्घकालिक दृष्टि और ऐतिहासिक अनुभवों से बनती है। उन्होंने कहा कि भारत ऐसा राष्ट्र नहीं है जो छोटी-मोटी घटनाओं पर प्रतिक्रिया देकर दिशा तय करता हो। उन्होंने कहा कि भारत ने विकास और विनाश दोनों के अनेक चक्र देखे हैं और यही अनुभव देश को भविष्य की दिशा तय करने की क्षमता देता है। पीएम मोदी ने कहा कि आज लिए जा रहे निर्णय आने वाले कई सौ वर्षों तक असर डालेंगे।
G7 से लौटने के बाद दुनिया का बदला नजरिया
प्रधानमंत्री ने हाल ही में हुई G7 Summit का जिक्र करते हुए कहा कि विश्व के बड़े नेता और देश अब समझ चुके हैं कि नए भारत के लिए ‘नेशन फर्स्ट’ सर्वोच्च मंत्र है। उन्होंने कहा कि भारत एक उभरती हुई शक्ति ही नहीं बल्कि भरोसेमंद साझेदार भी है।
12 साल की उपलब्धियों के केंद्र में रहा ‘नेशन फर्स्ट’
प्रधानमंत्री ने कहा कि केंद्र में सरकार के 12 वर्ष पूरे हो चुके हैं और इस दौरान लिए गए हर फैसले की बुनियाद ‘नेशन फर्स्ट’ रही है। उन्होंने कहा कि Swachh Bharat Mission, ‘मेक इन इंडिया’, खादी और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने जैसे अभियानों में देशवासियों ने राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखकर योगदान दिया है।
मध्य वर्ग को मिला बड़ा लाभ
पीएम मोदी ने कहा कि वर्ष 2013-14 में 2 लाख रुपये से अधिक आय पर टैक्स लगता था, लेकिन अब 12 लाख रुपये तक की आय करमुक्त कर दी गई है, जिससे मध्यम वर्ग को बड़ी राहत मिली है।
उन्होंने कहा कि Goods and Services Tax (GST) सुधारों ने टैक्स प्रक्रिया को आसान बनाया है और अब लोग घर बैठे आयकर रिटर्न दाखिल कर सकते हैं।
जन औषधि केंद्रों से 40 हजार करोड़ रुपये की बचत
स्वास्थ्य क्षेत्र का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि मधुमेह जैसी बीमारियों के इलाज का खर्च मध्यम वर्ग के लिए बड़ी चिंता है। उन्होंने बताया कि Pradhan Mantri Bhartiya Janaushadhi Pariyojana के तहत दवाएं 80 प्रतिशत तक सस्ती उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे लोगों को कुल मिलाकर लगभग 40 हजार करोड़ रुपये की बचत हुई है।
मेट्रो, वंदे भारत और हवाई अड्डों का विस्तार
प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 में प्रतिदिन लगभग 28 लाख लोग मेट्रो से सफर करते थे, जबकि आज यह संख्या बढ़कर करीब 1.28 करोड़ हो गई है। उन्होंने कहा कि Vande Bharat Express, नमो भारत और अमृत भारत ट्रेनों ने देश के विभिन्न हिस्सों को तेजी से जोड़ने का काम किया है। वहीं पिछले कुछ वर्षों में देश में हवाई अड्डों की संख्या भी लगभग दोगुनी हो गई है।
आकांक्षी जिलों ने बदली विकास की तस्वीर
पीएम मोदी ने कहा कि देश के 100 से अधिक जिले और 500 से ज्यादा ब्लॉक लंबे समय तक विकास से वंचित रहे थे। सरकार ने इन्हें ‘पिछड़ा’ कहने के बजाय ‘आकांक्षी जिला’ और ‘आकांक्षी ब्लॉक’ नाम दिया और विकास का नया मॉडल लागू किया।
उन्होंने कहा कि आज यही क्षेत्र राज्यों के विकास को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
नक्सलवाद पर सरकार का बड़ा दावा
प्रधानमंत्री ने कहा कि कभी माओवादी हिंसा से प्रभावित रहे आदिवासी क्षेत्रों में आज हालात पूरी तरह बदल रहे हैं।
उन्होंने बताया कि 2004 से 2014 के बीच नक्सल हिंसा की 17 हजार से अधिक घटनाएं हुई थीं, जिनमें 7 हजार से ज्यादा लोगों की जान गई थी। लेकिन अब नक्सलवाद अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है।
पीएम मोदी ने कहा कि सरकार ने केवल सुरक्षा बलों के जरिए नहीं बल्कि विकास और जनकल्याण योजनाओं के माध्यम से लोगों का विश्वास जीतने का काम किया।
बस्तर में अब बंदूक नहीं, खेलों की चर्चा
प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन इलाकों में कभी बम और बंदूक की आवाज सुनाई देती थी, वहां आज खेल और प्रतिभा की चर्चा हो रही है। उन्होंने Bastar Olympics का उदाहरण देते हुए कहा कि पहले संस्करण में 1.5 लाख और दूसरे संस्करण में करीब 4 लाख युवाओं ने हिस्सा लिया। यह बदलाव बताता है कि विकास और अवसर मिलने पर युवा सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ते हैं।
भारतीय उद्यमियों की दुनिया में बढ़ती पहचान
प्रधानमंत्री ने अपने फ्रांस दौरे और VivaTech का जिक्र करते हुए कहा कि भारतीय उद्यमी वैश्विक मंच पर नई पहचान बना रहे हैं। उन्होंने Sridhar Vembu और उनकी कंपनी Zoho Corporation का उल्लेख करते हुए कहा कि फ्रांस में बड़ी संख्या में युवा भारतीय नवाचारों को समझने और उनसे सीखने के लिए उत्सुक दिखाई दिए।
‘नेशन फर्स्ट’ ही नए भारत की पहचान
अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार की हर नीति और निर्णय के केंद्र में राष्ट्रहित है। उन्होंने कहा कि जब सरकार और नागरिक दोनों ‘नेशन फर्स्ट’ की भावना से काम करते हैं, तब देश तेजी से आगे बढ़ता है और दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाता है।
