नई दिल्ली. राजस्थान में पंचायत चुनाव 2026 का इंतजार अब खत्म हो गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने 3 अक्टूबर को पंचायत चुनाव की तारीखों और कार्यक्रम की घोषणा कर दी है। चुनाव कार्यक्रम जारी होते ही प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में आचार संहिता लागू हो गई है। पंचायत चुनाव चार चरणों में होंगे और इसकी शुरुआत 25 अक्टूबर से होगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया 20 नवंबर तक पूरी कर ली जाएगी।
जिला परिषद और पंचायत समिति की सीटों पर भी चुनाव
राजस्थान की 41 जिला परिषदों में 1,403 जिला परिषद सदस्यों के लिए चुनाव होगा। इसके अलावा 457 पंचायत समितियों में 8,245 पंचायत समिति सदस्यों का चुनाव कराया जाएगा। इन चुनावों में करीब 4 करोड़ 3 लाख मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। पंचायत चुनाव के तहत 14,403 ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए भी मतदान होगा। इन ग्राम पंचायतों में कुल 1,30,584 वार्ड हैं। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद करीब 1.69 लाख पंचायती राज प्रतिनिधियों का निर्वाचन होगा। जिला परिषद सदस्य 41 जिला प्रमुखों का चुनाव करेंगे, जबकि पंचायत समिति सदस्य 457 प्रधानों का निर्वाचन करेंगे।
सरपंच और वार्ड पंच का चुनाव बैलेट पेपर से
चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार सरपंच और वार्ड पंच के चुनाव बैलेट पेपर के जरिए कराए जाएंगे। वहीं, जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव में EVM का इस्तेमाल किया जाएगा।
8 अक्टूबर को जारी होगी चुनाव अधिसूचना
पंचायत चुनाव की सार्वजनिक अधिसूचना 8 अक्टूबर को जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 13 अक्टूबर तय की गई है। उम्मीदवार सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 14 अक्टूबर को होगी, जबकि नाम वापस लेने की अंतिम तारीख 15 अक्टूबर होगी।
पंचायत समिति सदस्य चुनाव के लिए चरणवार अधिसूचना भी अलग-अलग तारीखों पर जारी की जाएगी। पहले चरण की अधिसूचना 8 अक्टूबर, दूसरे चरण की 13 अक्टूबर, तीसरे चरण की 19 अक्टूबर और चौथे चरण की अधिसूचना 21 अक्टूबर को जारी होगी।
25 अक्टूबर से शुरू होगी वोटिंग
राजस्थान पंचायत चुनाव चार चरणों में आयोजित होंगे। पहले चरण में 25 अक्टूबर, दूसरे चरण में 31 अक्टूबर, तीसरे चरण में 6 नवंबर और चौथे चरण में 16 नवंबर को मतदान होगा। मतदान समाप्त होने के बाद मतगणना शुरू की जाएगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया 20 नवंबर तक पूरी करने का कार्यक्रम है।
महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण
पंचायती राज संस्थाओं में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था जारी रहेगी। 41 जिला प्रमुख पदों में से 20 पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं। इसी तरह 457 प्रधान पदों में 221 पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहेंगे।
जयपुर और जोधपुर की 11-11 पंचायत समितियों में प्रधान का पद महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित रहेगा। डूंगरपुर, बांसवाड़ा, सलूंबर और प्रतापगढ़ में प्रधान पद अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए आरक्षित रहेंगे।
सरपंच और वार्ड पंच पदों पर भी आरक्षण
राज्य की 14,403 ग्राम पंचायतों में करीब 7,200 सरपंच पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं। सरपंच पदों में 3,058 सीटें अनुसूचित जनजाति (ST), 2,493 सीटें अनुसूचित जाति (SC) और 1,961 सीटें अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए आरक्षित हैं।
इसी तरह 1,30,584 वार्ड पंच पदों में करीब 65 हजार पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहेंगे। वार्ड पंच पदों में 21,962 सीटें SC और 19,117 सीटें ST उम्मीदवारों के लिए आरक्षित की गई हैं।

