नई दिल्ली. भारत की गणतंत्र दिवस परेड सिर्फ़ एक सैन्य और सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि वैश्विक कूटनीति (global diplomacy) का भी बड़ा मंच रही है। हर साल परेड में शामिल होने वाले Chief Guest भारत के बदलते विदेश नीति समीकरणों और मजबूत होते द्विपक्षीय संबंधों का प्रतीक होते हैं।
2015 के बाद से यह मंच अमेरिका, यूरोप, अफ्रीका, ASEAN और खाड़ी देशों के शीर्ष नेताओं का साक्षी बना है। हालांकि COVID-19 pandemic के कारण दो वर्षों तक यह परंपरा थमी रही।
2015: बराक ओबामा ने रचा इतिहास
अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बराक ओबामा 2015 में गणतंत्र दिवस के मुख्य अतिथि बने। वे भारत के Republic Day Parade में शामिल होने वाले पहले अमेरिकी राष्ट्रपति थे। इस दौरे ने India-US strategic partnership, रक्षा सहयोग और व्यापारिक रिश्तों को नई ऊंचाई दी।
2016-2017: फ्रांस और UAE की मजबूत मौजूदगी
2016 में फ्रांस के राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद मुख्य अतिथि रहे। यह अवसर Rafale fighter jet deal जैसे अहम रक्षा समझौतों के लिए याद किया जाता है।
2017 में यूएई के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान मुख्य अतिथि बने, जिसने भारत और खाड़ी देशों के बीच energy और economic ties को मजबूती दी।
2018: ASEAN को मिला विशेष सम्मान
2018 का गणतंत्र दिवस ऐतिहासिक रहा, जब 10 ASEAN देशों के नेता एक साथ मुख्य अतिथि बने। यह भारत की Act East Policy का प्रतीक था और Indo-Pacific क्षेत्र में भारत की सक्रिय भूमिका को दर्शाता है।
2019-2020: ग्लोबल साउथ और BRICS पर फोकस
2019 में दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा मुख्य अतिथि रहे, जिससे Global South solidarity को बल मिला।
2020 में ब्राज़ील के राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो ने शिरकत की, जो BRICS cooperation का संकेत था।
2021-22: कोरोना काल में विराम
कोविड-19 महामारी के चलते 2021 और 2022 में कोई भी मुख्य अतिथि आमंत्रित नहीं किया गया और परेड सीमित स्तर पर आयोजित हुई।
2023-2024: महामारी के बाद वापसी
2023 में मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी मुख्य अतिथि बने। यह किसी मिस्र के राष्ट्रपति की पहली गणतंत्र दिवस यात्रा थी।
2024 में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों मुख्य अतिथि रहे, जिसने India-France strategic partnership को और मजबूत किया।
2025-2026: ASEAN और यूरोप पर नया फोकस
2025 में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो मुख्य अतिथि बने, जिससे ASEAN देशों के साथ रिश्तों को निरंतरता मिली।
2026 में पहली बार यूरोपीय संघ (EU) के दो शीर्ष नेता,उर्सुला वॉन डेर लेयेन (European Commission President) और एंटोनियो कोस्टा (European Council President)—
संयुक्त रूप से मुख्य अतिथि बने। यह भारत-EU Free Trade Agreement (FTA) और technology cooperation की दिशा में अहम संकेत माना जा रहा है।
2015 से 2026 तक गणतंत्र दिवस के मुख्य अतिथि (सूची)
| वर्ष | मुख्य अतिथि | देश / पद | महत्व |
|---|---|---|---|
| 2015 | बराक ओबामा | अमेरिका, राष्ट्रपति | पहले अमेरिकी राष्ट्रपति |
| 2016 | फ्रांस्वा ओलांद | फ्रांस, राष्ट्रपति | राफेल डील |
| 2017 | मोहम्मद बिन जायद | यूएई, क्राउन प्रिंस | ऊर्जा और आर्थिक रिश्ते |
| 2018 | 10 ASEAN नेता | विभिन्न देश | Act East Policy |
| 2019 | सिरिल रामाफोसा | दक्षिण अफ्रीका, राष्ट्रपति | Global South सहयोग |
| 2020 | जायर बोल्सोनारो | ब्राज़ील, राष्ट्रपति | BRICS सहयोग |
| 2021-22 | — | — | COVID-19 |
| 2023 | अब्देल फतह अल-सीसी | मिस्र, राष्ट्रपति | अफ्रीका कूटनीति |
| 2024 | इमैनुएल मैक्रों | फ्रांस, राष्ट्रपति | रणनीतिक साझेदारी |
| 2025 | प्रबोवो सुबियांतो | इंडोनेशिया, राष्ट्रपति | ASEAN संबंध |
| 2026 | उर्सुला वॉन डेर लेयेन, एंटोनियो कोस्टा | EU नेतृत्व | India-EU FTA |
