सोलन. हिमाचल का सबसे पहला औद्योगिक क्षेत्र चंबाघाट आज बदहाली के आंसू रो रहा है. यह अब नाम का ही औद्योगिक क्षेत्र रह गया है. यहां मात्र 30 छोटे मोटे उद्योग ही इस वक्त कार्यशील है. कुछ सुविधाओं के अभाव से बंद हो चुके हैं, तो कुछ सरकारी तंत्र की उदासहीनता के कारण बंद होने की कगार पर है.
इस मौके पर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि अगर औद्योगिक क्षेत्र में सर्विस इंडस्ट्री को भी शामिल कर लिया जाए तो इस से छोटे उद्योगों को लाभ मिलेगा और औद्योगिक क्षेत्र का विकास भी हो पाएगा. उन्होंने कहा की वह अपनी मांगों को लेकर उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह से भी मिल चुके है और उन्हें उम्मीद है कि प्रदेश की भाजपा सरकार उनकी मांगों की ओर जरूर गौर करेगी.
चंबाघाट इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के महासचिव विवेक भारती की माने तो उद्योग विभाग के शेड जिस में काम नहीं चल रहा है और वीरान पड़े है. उन्हें किसी अन्य उद्योगपति को आवंटित करने चाहिए, ताकि औद्योगिक क्षेत्र सोलन की रौनक फिर से वापस आ सके. वहीं उन्होंने कहा की इस औद्योगिक क्षेत्र में सबसे बड़ी समस्या पार्किंग की समस्या है, जिसकी वजह से वह अपना सामान तक ट्रको से अनलोड नहीं कर पाते है.