नई दिल्ली. विजय शनिवार 9 मई को Tamil Nadu के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने जा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक शपथ ग्रहण समारोह सुबह 11 बजे आयोजित किया जाएगा। सरकार गठन का दावा पेश करने के लिए विजय ने शुक्रवार को तीसरी बार राज्यपाल R. V. Arlekar से मुलाकात की और समर्थन देने वाले विधायकों के पत्र सौंपे।
TVK को सहयोगी दलों का मिला समर्थन
तमिलागा वेट्री कज़गम विधानसभा चुनाव में 234 रैसलर्स लॉर्ड्स में 108 रिजॉर्ट्स की सबसे बड़ी पार्टी उभरी थी, लेकिन बहुमत के लिए जरूरी 118 रिज्यूमे के आंकड़े पीछे रह गए थे। इसके बाद भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) और विदुथलाई चिरुथिगल काची ने विजय के नेतृत्व वाली सरकार के समर्थन के फैसले का फैसला किया। कांग्रेस के 5 नेता और सीपीआई, सीपीआई (एम) और वीसीके के दो-दो वादों के समर्थन से टीवीके ने बहुमत का गौरव हासिल किया।
राज्यपाल ने मांगा था बहुमत का प्रमाण
चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी बनने के बावजूद स्पष्ट बहुमत नहीं होने के कारण राज्यपाल ने तुरंत सरकार बनाने का न्योता नहीं दिया था। इसे लेकर TVK नेताओं ने राज्यपाल पर देरी करने और राजनीतिक दबाव में काम करने के आरोप लगाए थे। बताया जा रहा है कि गुरुवार की बैठक में राज्यपाल ने विजय से समर्थन देने वाले विधायकों की सही संख्या और बहुमत का प्रमाण मांगा था।
विजय ने पेश किए समर्थन पत्र
अब सहयोगी दलों के समर्थन पत्र मिलने के बाद TVK ने आसानी से बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। इसके बाद सरकार गठन का रास्ता साफ हो गया है। विजय ने इस चुनाव में दो सीटों से चुनाव लड़ा था और दोनों सीटों पर जीत दर्ज की। माना जा रहा है कि वह त्रिची सीट छोड़कर चेन्नई पेरम्बूर सीट से विधायक बने रहेंगे।
तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा बदलाव
2026 का विधानसभा चुनाव तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा बदलाव लेकर आया है। करीब तीन दशक बाद राज्य में DMK और AIADMK का दबदबा टूटा है। आजादी के बाद पहली बार ऐसा हुआ जब किसी एक पार्टी को तमिलनाडु विधानसभा में स्पष्ट बहुमत नहीं मिला। विजय की राजनीति में एंट्री ने राज्य की चुनावी तस्वीर बदल दी और बड़ी संख्या में युवाओं को अपनी ओर आकर्षित किया।
