नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने ग्रामीण युवाओं को रोजगार के लिए जरूरी कौशल उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। सरकार के मुताबिक, अगले महीने से देश के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के करीब 70 हजार ग्रामीण युवाओं को Deen Dayal Upadhyaya Grameen Kaushalya Yojana (DDU-GKY) 2.0 के तहत स्किल ट्रेनिंग दी जाएगी। यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर ग्रामीण युवाओं को रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से संचालित की जाती है और इसमें युवाओं को उनकी ट्रेनिंग के बाद प्लेसमेंट से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाता है।
31 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को मिला लक्ष्य
ग्रामीण विकास मंत्रालय के अनुसार, DDU-GKY 2.0 में शामिल सभी 31 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए दो साल की अवधि में 9 लाख से अधिक युवाओं को ट्रेनिंग देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों के गरीब और जरूरतमंद युवाओं को अलग-अलग क्षेत्रों में रोजगारपरक प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि वे अपनी योग्यता के अनुसार रोजगार हासिल कर सकें।
तीन महीने से एक साल तक होगी ट्रेनिंग
DDU-GKY एक केंद्र प्रायोजित योजना है, जिसमें ग्रामीण गरीब युवाओं को placement-linked skill training दी जाती है। प्रशिक्षण की अवधि अलग-अलग पाठ्यक्रमों और कौशल के अनुसार तय होती है। इसके तहत ट्रेनिंग तीन महीने से लेकर 12 महीने तक चल सकती है। योजना का उद्देश्य केवल प्रशिक्षण देना ही नहीं, बल्कि प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार के अवसरों से जोड़ना भी है।
ग्रामीण युवाओं को रोजगार से जोड़ने पर फोकस
सरकार का कहना है कि DDU-GKY 2.0 के माध्यम से ग्रामीण युवाओं को आधुनिक और रोजगार बाजार की जरूरतों के अनुरूप कौशल प्रशिक्षण देने का प्रयास किया जा रहा है। अगले महीने से शुरू होने वाले प्रशिक्षण चरण में 70 हजार युवाओं को शामिल किया जाएगा। आने वाले दो वर्षों में 9 लाख से अधिक युवाओं के लक्ष्य के साथ यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों में कौशल विकास और रोजगार के अवसर बढ़ाने पर केंद्रित है।

