नई दिल्ली. Rajasthan Nagar Nikay Chunav 2026: राजस्थान में नगर निकाय चुनाव के दूसरे चरण का मतदान शुक्रवार शाम 6 बजे समाप्त हो गया। मतदान का समय पूरा होते ही बूथों के गेट बंद कर दिए गए और EVM को निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया के तहत सुरक्षित किया गया। जयपुर, जोधपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर, पाली समेत प्रदेश के कई निकायों में मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। अब सभी की निगाहें 14 सितंबर को होने वाली मतगणना पर हैं।
147 निकायों में हुआ मतदान
दूसरे चरण में प्रदेश के 147 नगर निकायों के 4,774 वार्डों में मतदान कराया गया। इस चरण में कुल 18,266 प्रत्याशियों के राजनीतिक भविष्य का फैसला EVM में बंद हो गया है।
मतदान के दौरान कुछ स्थानों पर हंगामा, फर्जी मतदान को लेकर शिकायतें और EVM में तकनीकी दिक्कतें सामने आईं। हालांकि प्रशासन और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और मतदान प्रक्रिया को पूरा कराया।
हनुमानगढ़ में प्रत्याशियों के बीच विवाद
हनुमानगढ़ के सुरेशिया इलाके में बूथ संख्या 129 और 130 के पास दो प्रत्याशियों के समर्थकों के बीच विवाद की स्थिति बनी। एक प्रत्याशी ने दूसरे पर थप्पड़ मारने का आरोप लगाया। इसके बाद विवाद बढ़ने पर एक व्यक्ति पर ईंट से हमला किए जाने की सूचना भी सामने आई।
हंगामे के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बनी और बूथ के गेट बंद कर दिए गए। सूचना मिलने पर पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया।
टोंक और दौसा में भी विवाद
टोंक की डिग्गी नगरपालिका में वार्ड 17 और 18 के मतदान केंद्र तक जाने वाले रास्ते को लेकर भाजपा और कांग्रेस समर्थकों के बीच तकरार की स्थिति सामने आई।
वहीं दौसा में एक युवती के मतदान को लेकर बूथ के अंदर विवाद हुआ। एक पक्ष ने युवती को फर्जी मतदाता बताते हुए आपत्ति जताई, जबकि मतदान दल की ओर से कहा गया कि युवती ने वोट नहीं डाला था। युवती सांसद मुरारी लाल मीणा के साथ मतदान केंद्र पहुंची थी। मामले की सूचना मिलने पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल मीणा मौके पर पहुंचे और पुलिस बल तैनात किया गया।
बूंदी में EVM में तकनीकी खराबी
बूंदी जिले की कापरेन नगर पालिका के बूथ संख्या 14 पर मॉक पोल के दौरान EVM में तकनीकी खराबी सामने आई। इसके बाद तकनीकी टीम को मौके पर बुलाया गया और मशीन की जांच की गई।
इससे पहले बूथ संख्या 23 पर कंट्रोल यूनिट में तकनीकी खराबी के कारण करीब 40 मिनट तक मतदान प्रभावित हुआ था। कंट्रोल यूनिट बदले जाने के बाद मतदान फिर शुरू हो गया। प्रशासन ने तकनीकी टीमों की मदद से EVM से जुड़ी समस्याओं को दूर कर मतदान प्रक्रिया को जारी रखा।
कई बड़े नेताओं ने भी डाला वोट
दूसरे चरण के मतदान में राजनीतिक दलों के कई बड़े नेताओं ने भी अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। जयपुर, जोधपुर, कोटा, अजमेर, उदयपुर और पाली जैसे प्रमुख शहरों में बड़ी संख्या में मतदाताओं ने मतदान किया।
जयपुर के वार्ड 49 को भी महत्वपूर्ण मुकाबलों में शामिल माना जा रहा है। यहां भाजपा के मौजूदा पार्षद मुकेश शर्मा ‘काका’ और कांग्रेस के बीच मुकाबले पर राजनीतिक नजरें टिकी रहीं।
बालोतरा में 75.54 प्रतिशत मतदान
बालोतरा नगर परिषद क्षेत्र में शाम 6 बजे तक 75.54 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। यहां कुल 61,217 मतदाताओं में से 46,244 लोगों ने वोट डाला।
वहीं धौलपुर जिले के बाड़ी में 82.39 प्रतिशत, बसेड़ी में 83.44 प्रतिशत और सरमथुरा में 81.01 प्रतिशत मतदान दर्ज हुआ।
टोंक में 79.87 प्रतिशत वोटिंग
टोंक जिले के पांच निकायों में कुल 79.87 प्रतिशत मतदान हुआ। डिग्गी में सबसे अधिक 87.82 प्रतिशत वोटिंग दर्ज की गई। लाम्बाहरिसिंह में 85.01 प्रतिशत, टोंक नगर परिषद में 77.13 प्रतिशत, मालपुरा में 83.09 प्रतिशत और टोडारायसिंह में 83.65 प्रतिशत मतदान हुआ।
अब 14 सितंबर को मतगणना
राजस्थान में नगर निकाय चुनाव दो चरणों में आयोजित किए गए हैं। दूसरे चरण का मतदान पूरा होने के बाद अब प्रत्याशियों और राजनीतिक दलों को परिणाम का इंतजार है। 14 सितंबर को होने वाली मतगणना में EVM में बंद वोटों की गिनती की जाएगी और इसके साथ ही नगर निकायों में किसका दबदबा रहेगा, इसकी तस्वीर साफ हो जाएगी।
इस चुनाव में जयपुर, जोधपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर जैसे प्रमुख शहरी क्षेत्रों के परिणामों पर खास नजर रहेगी। मतदान खत्म होने के साथ ही अब राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों की निगाहें चुनाव परिणाम पर टिक गई हैं।
