नई दिल्ली. केंद्र सरकार ने कृषि क्षेत्र में डिजिटल व्यवस्था को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम उपलब्धि हासिल की है। सरकार के मुताबिक, AgriStack के तहत देश में 11 करोड़ यूनिक Farmer ID बनाई जा चुकी हैं। यह लक्ष्य मार्च 2027 तक पूरा किया जाना था, लेकिन सरकार ने इसे करीब पांच महीने पहले ही हासिल कर लिया। यह उपलब्धि 23 अक्टूबर की रात दर्ज की गई।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक वीडियो संदेश के जरिए इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि डिजिटल एग्रीकल्चर मिशन के तहत हासिल की गई यह सफलता भारतीय कृषि को आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। सरकार का उद्देश्य तकनीक के इस्तेमाल से कृषि व्यवस्था को मजबूत करना और किसानों तक सरकारी सेवाओं की पहुंच आसान बनाना है।
क्या है Farmer ID और किसानों को कैसे होगा फायदा?
Farmer ID को किसान पहचान पत्र (Kisan Pehchaan Patra) भी कहा जाता है। यह 11 अंकों की एक विशिष्ट डिजिटल पहचान है, जिसे किसानों को सरकारी योजनाओं और कृषि सेवाओं तक आसान पहुंच उपलब्ध कराने के लिए तैयार किया गया है।
इस व्यवस्था के जरिए किसानों की पहचान से जुड़ी प्रक्रिया को सरल बनाने और बार-बार दस्तावेज जमा करने की जरूरत कम करने का प्रयास किया जा रहा है। इससे सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के दौरान होने वाली प्रशासनिक परेशानियों को कम करने में मदद मिल सकती है।
शिवराज सिंह चौहान के मुताबिक, डिजिटल पहचान के माध्यम से पात्र किसानों तक सरकारी सहायता समय पर और पारदर्शी तरीके से पहुंचाने में मदद मिलेगी। अलग-अलग सेवाओं के लिए बार-बार बड़ी संख्या में दस्तावेज जमा करने की परेशानी भी कम हो सकती है।
बैंक लोन से लेकर फसल बीमा तक में मिलेगी मदद
कृषि मंत्री ने कहा कि Farmer ID किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण सेवाओं तक पहुंच बनाने में उपयोगी दस्तावेज साबित होगी। इसमें बैंक से कृषि ऋण लेने, फसल बीमा और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान राहत प्राप्त करने जैसी सुविधाएं शामिल हैं।
इसके अलावा, यह पहचान किसानों को अपनी कृषि उपज बेचने से जुड़ी प्रक्रियाओं में भी मदद कर सकती है। सरकार का प्रयास है कि एक साझा डिजिटल पहचान के माध्यम से किसानों को विभिन्न कृषि सेवाओं और योजनाओं से जोड़ना आसान बनाया जाए।
हालांकि, इन सेवाओं के लिए Farmer ID का इस्तेमाल किस तरह और किन शर्तों के तहत किया जाएगा, इसका विवरण संबंधित योजनाओं और प्रक्रियाओं पर निर्भर करेगा।
Digital Agriculture Mission के तहत कृषि का होगा आधुनिकीकरण
Farmer ID बनाने का अभियान केंद्र सरकार के Digital Agriculture Mission का हिस्सा है। इस मिशन के तहत कृषि क्षेत्र में डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाने और किसानों से जुड़ी सेवाओं को अधिक व्यवस्थित बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने यानी ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ने के लिए कृषि क्षेत्र का आधुनिकीकरण और तकनीक का अधिक उपयोग जरूरी है।
सरकार ने मार्च 2027 तक 11 करोड़ Farmer ID तैयार करने का लक्ष्य निर्धारित किया था। इस लक्ष्य को निर्धारित समय से पहले पूरा करने को डिजिटल कृषि व्यवस्था के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
कृषि मंत्री ने अधिकारियों और किसानों से की अपील
शिवराज सिंह चौहान ने इस उपलब्धि के लिए केंद्र सरकार, राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के योगदान की सराहना की।
किसानों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि नई डिजिटल पहचान से उन्हें कृषि सेवाओं और सरकारी सहायता तक पहुंच बनाने में सुविधा होगी। उन्होंने किसानों से सरकारी योजनाओं का समय पर लाभ उठाने और खेती में आधुनिक तकनीकों एवं तरीकों को अपनाने की अपील भी की।
सरकार को उम्मीद है कि Farmer ID जैसी डिजिटल पहल से कृषि सेवाओं तक पहुंच आसान होगी और किसानों के लिए सरकारी योजनाओं से जुड़ी प्रक्रियाओं को अधिक सरल बनाया जा सकेगा।
