नई दिल्ली. विजय ने मुख्यमंत्री पद संभालते ही तमिलनाडु की जनता के लिए कई बड़े फैसलों को मंजूरी दी है। रविवार को शपथ लेने के तुरंत बाद विजय ने तीन अहम फाइलों पर हस्ताक्षर किए, जिनमें मुफ्त बिजली, नशे के खिलाफ कार्रवाई और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े फैसले शामिल हैं।Tamil Nadu में चेन्नई के नेहरू स्टेडियम में आयोजित भव्य समारोह में राज्यपाल R. V. Arlekar ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।
हर परिवार को 200 यूनिट मुफ्त बिजली
मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय ने सबसे पहले राज्य के हर परिवार को 200 यूनिट मुफ्त बिजली देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। सरकार का मानना है कि इससे आम लोगों को महंगाई से राहत मिलेगी और गरीब तथा मध्यम वर्गीय परिवारों को सीधा फायदा पहुंचेगा।
ड्रग्स के खिलाफ बनेगी स्पेशल टास्क फोर्स
विजय सरकार ने राज्य में बढ़ते नशे के कारोबार पर रोक लगाने के लिए विशेष टास्क फोर्स बनाने का फैसला भी लिया है। सरकार का कहना है कि युवाओं को ड्रग्स से बचाने और राज्य में कानून व्यवस्था मजबूत करने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।
महिलाओं की सुरक्षा के लिए अलग तंत्र तैयार होगा
मुख्यमंत्री विजय ने महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष व्यवस्था बनाने की फाइल पर भी हस्ताक्षर किए। सरकार महिलाओं से जुड़े अपराधों पर तेजी से कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की दिशा में काम करेगी।
‘मैं किसी राजनीतिक परिवार से नहीं आता’: विजय
मुख्यमंत्री बनने के बाद अपने पहले संबोधन में विजय भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि वह किसी राजनीतिक या शाही परिवार से नहीं आते, बल्कि आम लोगों के बीच से निकले हैं। उन्होंने जनता का धन्यवाद करते हुए कहा कि लोगों ने उन्हें परिवार के सदस्य और भाई की तरह अपनाया और राजनीति में आने के लिए प्रेरित किया।
भ्रष्टाचार और गलत वादों के खिलाफ सख्त संदेश
विजय ने कहा कि उनकी सरकार जनता से झूठे वादे नहीं करेगी और न ही सरकारी पैसे का गलत इस्तेमाल होने देगी। उन्होंने साफ कहा कि वह राजनीति में पैसा कमाने के लिए नहीं आए हैं और उनकी सरकार में भ्रष्टाचार को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
DMK सरकार पर साधा निशाना
विजय ने पिछली Dravida Munnetra Kazhagam सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य पर लगभग 10 लाख करोड़ रुपये का कर्ज छोड़ दिया गया है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार तमिलनाडु की वित्तीय स्थिति को लेकर एक श्वेत पत्र जारी करने पर विचार कर रही है ताकि जनता के सामने पूरी तस्वीर रखी जा सके।
‘सरकार में कोई समानांतर शक्ति केंद्र नहीं होगा’
मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि उनकी सरकार में कोई समानांतर शक्ति केंद्र नहीं होगा और प्रशासन का पूरा नेतृत्व उनके हाथ में रहेगा। उन्होंने अपने कार्यकाल की शुरुआत को “वास्तविक धर्मनिरपेक्ष और सामाजिक न्याय वाली सरकार” की नई शुरुआत बताया।
