नई दिल्ली. प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के 25 वर्ष पूरे होने पर 10 मई को मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के भैरूंदा में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसी कार्यक्रम के दौरान PMGSY-IV का राष्ट्रीय शुभारंभ भी किया जाएगा। कार्यक्रम का नेतृत्व केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री Shivraj Singh Chouhan करेंगे। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री Mohan Yadav भी इसमें शामिल होंगे।
सरकार इसे केवल सरकारी आयोजन नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत में विकास, सामाजिक समावेशन और अंतिम छोर तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के संकल्प के रूप में पेश कर रही है।
पीएम मोदी के नेतृत्व में ग्रामीण सड़क नेटवर्क को मिली नई पहचान
केंद्र सरकार का कहना है कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना को नई गति मिली है। पिछले वर्षों में गांवों तक हर मौसम में चलने वाली पक्की सड़कों का विस्तार तेजी से हुआ है, जिससे करोड़ों ग्रामीणों की जिंदगी बदली है।
सरकार के मुताबिक, ग्रामीण सड़क नेटवर्क मजबूत होने से किसानों को बाजार तक पहुंच आसान हुई है, बच्चों की शिक्षा और मरीजों की स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बेहतर हुई है, वहीं गांवों में रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिला है।
मध्य प्रदेश को मिलेंगी 973 नई सड़क परियोजनाएं
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, मुख्यमंत्री मोहन यादव को PMGSY-IV के तहत स्वीकृति पत्र और वित्तीय आवंटन सौंपेंगे। इसके तहत मध्य प्रदेश में 2,117 किलोमीटर लंबाई वाली 973 सड़कों का निर्माण किया जाएगा। इन परियोजनाओं से राज्य की 987 बस्तियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
इसके अलावा पीएम-जनमन पहल के तहत 384 किलोमीटर से अधिक लंबाई वाली सड़क परियोजनाओं को भी मंजूरी दी जाएगी, जिससे 168 पिछड़ी बस्तियों को फायदा पहुंचेगा।
2026-27 के लिए 18,907 करोड़ रुपये का प्रतीकात्मक आवंटन
कार्यक्रम में शिवराज सिंह चौहान वित्त वर्ष 2026-27 के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 18,907 करोड़ रुपये के प्रतीकात्मक आवंटन की घोषणा करेंगे। इसमें से 830 करोड़ रुपये मध्य प्रदेश के लिए निर्धारित किए गए हैं। सरकार का कहना है कि इस फंड से ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क संपर्क और मजबूत होगा, जिससे शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, कृषि बाजारों और रोजगार तक पहुंच आसान बनेगी।
गांव की सड़क को बताया विकास का रास्ता
सरकारी बयान के अनुसार, शिवराज सिंह चौहान लगातार इस बात पर जोर देते रहे हैं कि गांव की सड़क सिर्फ आवाजाही का साधन नहीं, बल्कि समृद्धि, शिक्षा, स्वास्थ्य, बाजार, रोजगार और सम्मानजनक जीवन का रास्ता है।PMGSY की रजत जयंती और PMGSY-IV की शुरुआत को आने वाले वर्षों में ग्रामीण भारत को नई ऊंचाइयों तक ले जाने वाला बड़ा कदम माना जा रहा है।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले राज्यों को भी मिलेगा सम्मान
कार्यक्रम में ग्रामीण सड़क परियोजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन वाले राज्यों को सम्मानित भी किया जाएगा। सरकार का मानना है कि यह आयोजन देशभर में तकनीक आधारित ग्रामीण सड़क निर्माण और कनेक्टिविटी विस्तार के नए दौर की शुरुआत साबित होगा।
