नई दिल्ली: तमिलनाडु के किसानों के हितों की रक्षा के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने राज्य में खोपरा (Copra) और टोटापुरी आम (Totapuri Mango) की सरकारी खरीद को मंजूरी दे दी है। इस फैसले का उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाना और बाजार में कीमतों में गिरावट के कारण होने वाली नुकसानदेह बिक्री (Distress Sale) से बचाना है।
राज्य सरकार के प्रस्ताव पर मिली मंजूरी
कृषि मंत्रालय ने बताया कि यह मंजूरी तमिलनाडु सरकार की ओर से भेजे गए प्रस्ताव के आधार पर दी गई है। इसके तहत राज्य में 87 हजार मीट्रिक टन से अधिक खोपरा की खरीद की जाएगी। यह पूरी खरीद Minimum Support Price (MSP) के तहत Price Support Scheme (PSS) के माध्यम से होगी। इस खरीद का कुल MSP मूल्य 1,000 करोड़ रुपये से अधिक है, जिससे बड़ी संख्या में नारियल उत्पादक किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
टोटापुरी आम की भी होगी सरकारी खरीद
केंद्र सरकार ने वर्ष 2026 के लिए तमिलनाडु में 96 हजार मीट्रिक टन से अधिक टोटापुरी आम की खरीद को भी मंजूरी दी है। यह खरीद Market Intervention Scheme (MIS) के तहत की जाएगी। सरकार ने इसके लिए Market Intervention Price (MIP) एक हजार रुपये से अधिक प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। इससे टोटापुरी आम उत्पादकों को उनकी फसल का बेहतर मूल्य मिल सकेगा।
किसानों को मिलेगा उचित मूल्य
सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य किसानों को बाजार में अचानक कीमतें गिरने की स्थिति में नुकसान से बचाना है। सरकारी खरीद से किसानों को अपनी उपज औने-पौने दाम पर बेचने की मजबूरी नहीं होगी। साथ ही उन्हें उनकी मेहनत का उचित और लाभकारी मूल्य मिलेगा, जिससे उनकी आय में स्थिरता आएगी।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगा मजबूती
कृषि मंत्रालय के अनुसार, खोपरा और टोटापुरी आम की बड़े पैमाने पर सरकारी खरीद से तमिलनाडु के किसानों को बड़ी राहत मिलेगी। खासकर खोपरा की खरीद पर 1,000 करोड़ रुपये से अधिक के MSP समर्थन से किसानों का भरोसा मजबूत होगा। सरकार का मानना है कि इस तरह के कदम किसानों की आय बढ़ाने, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और कृषि क्षेत्र में विश्वास बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
