नई दिल्ली. OPEC+ के सात प्रमुख सदस्य देशों सऊदी अरब, रूस, इराक, कुवैत, कजाकिस्तान, अल्जीरिया और ओमान ने वैश्विक तेल बाजार की स्थिति और आने वाले समय की संभावनाओं की समीक्षा की। वर्चुअल बैठक में इन देशों ने अक्टूबर महीने के लिए तेल उत्पादन नीति में कोई बदलाव नहीं करने का फैसला किया है। यानी अक्टूबर में तेल उत्पादन का मौजूदा लक्ष्य फिलहाल बरकरार रहेगा।
सितंबर में बढ़ाया गया था उत्पादन
OPEC+ ने सितंबर में प्रतिदिन करीब 1.88 लाख बैरल तेल उत्पादन बढ़ाने का फैसला किया था। इसके साथ ही 2023 में लागू की गई करीब 16.5 लाख बैरल प्रतिदिन की voluntary production cut को धीरे-धीरे वापस लेने की प्रक्रिया पूरी हो गई। अब अक्टूबर के लिए उत्पादन में अतिरिक्त बढ़ोतरी नहीं करने का निर्णय लिया गया है।
तेल सप्लाई पर वैश्विक घटनाओं का असर
OPEC+ का यह फैसला ऐसे समय आया है जब दुनिया के कई हिस्सों में तेल निर्यात को लेकर लगातार disruptions देखने को मिल रहे हैं। ईरान से जुड़े संघर्ष और Strait of Hormuz के आसपास की स्थिति ने भी वैश्विक oil supply को प्रभावित किया है। इन परिस्थितियों के कारण OPEC+ के उत्पादन संबंधी फैसलों का global oil prices और supply पर असर कुछ हद तक सीमित हो सकता है।
UAE ने छोड़ा था OPEC+ गठबंधन
इस बीच United Arab Emirates (UAE) ने मई में OPEC+ गठबंधन से अलग होने का फैसला किया था। UAE ने इसके पीछे national interest और बाजार की तत्काल जरूरतों को पूरा करने में प्रभावी योगदान देने की अपनी प्रतिबद्धता को वजह बताया था।
अक्टूबर में फिर होगी समीक्षा
OPEC+ आने वाले समय में global market conditions पर लगातार नजर रखेगा। संगठन की अगली बैठक अक्टूबर में होने की उम्मीद है, जिसमें तेल बाजार की स्थिति और production levels की दोबारा समीक्षा की जाएगी। वैश्विक मांग, सप्लाई disruptions और geopolitical developments के आधार पर आगे की रणनीति तय की जा सकती है।
