नई दिल्ली: सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (Ministry of Information & Broadcasting) ने देशभर के Digital Creators को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘Gems of India’ Challenge के पायलट चरण की शुरुआत की है। इस पहल का मकसद देश के अलग-अलग जिलों की संस्कृति, विरासत, पर्यटन, इतिहास और स्थानीय पहचान को डिजिटल माध्यम से दुनिया के सामने लाना है। यह अभियान MyWAVES प्लेटफॉर्म के जरिए संचालित किया जाएगा।
1 अगस्त से शुरू होगी एंट्री प्रक्रिया
मंत्रालय के अनुसार, 1 अगस्त 2026 से 31 अगस्त 2026 तक प्रतिभागी WAVES OTT के MyWAVES सेक्शन में 1 से 3 मिनट का वीडियो अपलोड कर इस प्रतियोगिता में भाग ले सकेंगे। वीडियो में अपने जिले की खास पहचान, सांस्कृतिक धरोहर, पर्यटन स्थल, परंपराएं और उपलब्धियों को रचनात्मक तरीके से प्रस्तुत करना होगा।
युवाओं और स्थानीय प्रतिभाओं को मिलेगा नया मंच
सरकार का कहना है कि यह पहल Digital India और Orange Economy को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे देशभर के युवा कंटेंट क्रिएटर्स को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा और स्थानीय कहानियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी।
इन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट
फिलहाल इस चुनौती का पायलट चरण अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, दादरा एवं नगर हवेली और दमन एवं दीव, गोवा तथा लद्दाख में शुरू किया जाएगा। इस अभियान में प्रसार भारती, My Bharat, राज्य और जिला प्रशासन, साथ ही स्थानीय शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक संस्थान भी सहयोग करेंगे।
YouTube और Meta भी करेंगे सहयोग
इस अभियान को अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय YouTube और Meta के साथ भी साझेदारी कर रहा है। दोनों डिजिटल प्लेटफॉर्म अपने क्रिएटर नेटवर्क के माध्यम से इस प्रतियोगिता का प्रचार-प्रसार करेंगे और अधिक से अधिक युवाओं को इसमें भाग लेने के लिए प्रेरित करेंगे।
जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर मिलेंगे पुरस्कार
प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को तीन स्तरों पर सम्मानित किया जाएगा। जिला स्तर पर प्रत्येक जिले से अधिकतम 20 विजेताओं को 50-50 हजार रुपये दिए जाएंगे। इसके बाद प्रत्येक जिले से चुने गए सर्वश्रेष्ठ प्रतिभागी को राज्य स्तर पर 2 लाख रुपये का पुरस्कार मिलेगा। वहीं, राष्ट्रीय स्तर पर चयनित प्रतिभागियों को 5 लाख रुपये तक का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
देशभर में होगा विस्तार
मंत्रालय ने बताया कि पायलट चरण के अनुभव के आधार पर भविष्य में ‘Gems of India’ Challenge को देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों तक विस्तारित किया जाएगा। इसका उद्देश्य हर जिले की अनूठी पहचान को डिजिटल माध्यम से दुनिया तक पहुंचाना और भारत में एक मजबूत Digital Creator Ecosystem तैयार करना है।
